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Delhi Violence: हिंसा भड़काने की आरोपी और कांग्रेस की पूर्व पार्षद इशरत जहां को मिली जमानत

दिल्ली हिंसा मामले में आरोपी ‌इशरत जहां को कोर्ट ने दूसरी बार जमानत दी है. (फाइल फोटो)

दिल्ली हिंसा मामले में आरोपी ‌इशरत जहां को कोर्ट ने दूसरी बार जमानत दी है. (फाइल फोटो)

दिल्ली हिंसा के बाद मुख्य साजिशकर्ता के तौर पर इशरत जहां को आरोपी बनाया गया था. मामले में इशरत को एक बार पहले भी 2022 म ...अधिक पढ़ें

नई दिल्ली. फरवरी 2020 में दिल्ली में भड़की हिंसा मामले में कोर्ट ने आरोपी और कांग्रेस की पूर्व पार्षद इशरत जहां को जमानत दे दी है. इशरत पर आरोप था कि उन्होंने दिल्ली में हिंसा के दौरान मुख्य साजिशकर्ता की भूमिका निभाई. इस आरोप में इशरत सहित कई अन्य के खिलाफ गैर कानूनी गतिविधियां रोकथा अधिनियम (यूएपीए) के तहत मामला दर्ज किया गया था. इससे पहले इशरत को जून 2020 में शादी करने के लिए दस दिन की अंतरिम जमानत दी गई थी. गौरतलब है कि इन दंगों में 53 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से अधिक लोग घायल हुए थे.

उमर खालिद की जमानत पर नहीं आया फैसला
वहीं हिंसा की साजिश रचने के आरोपी जवाहर लाल विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र उमर खालिद की जमानत याचिका पर अब फैसला 21 मार्च को आएगा. दिल्ली के कड़कड़डूमा कोर्ट ने सोमवार को अपना फैसला एक सप्ताह के लिए टाल दिया है. जानकारी के अनुसार 3 मार्च को ही कोर्ट ने खालिद की जमानत संबंधी अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था.
उल्लेखनीय है कि कोर्ट में उमर खालिद के वकील ने कहा था कि अभियोजन पक्ष के पास उनके खिलाफ केस साबित करने के लिए सबूतों की कमी है. ऐसे में उन्हें जमानत दी जाए. खालिद के वकील त्रिदीप पेस ने कहा था कि अभयोजन के पास मामले से संबंधित खालिद के खिलाफ कोई सबूत ऐसे नहीं हैं जिन पर उन्हें सजा दी जा सके.

पुलिस ने लगाया था गंभीर आरोप
इससे पहले दिल्ली पुलिस खालिद और छह अन्य की जमानत याचिका का विरोध किया था. साथ ही आरोप लगाया था कि उन्होंने राष्ट्रीय राजधानी में 2020 के दंगों के दौरान हिंसा भड़काने और पुलिस अधिकारियों पर हमले करने की साजिश रची थी. अभियोजन पक्ष ने अदालत को यह भी बताया कि मामले के मुख्य साजिशकर्ताओं ने भीम आर्मी और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता कपिल मिश्रा पर दोष मढ़ने की कोशिश की.

Tags: Delhi Violence Case

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