Oxygen Concentrator Case: नवनीत कालरा को 3 दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया

नवनीत कालरा को दिल्ली पुलिस ने दोपहर तीन बजे साकेत कोर्ट में वर्चुअली पेश किया.

नवनीत कालरा को दिल्ली पुलिस ने दोपहर तीन बजे साकेत कोर्ट में वर्चुअली पेश किया.

Oxygen Concentrator Case: नवनीत कालरा को दिल्ली पुलिस ने दोपहर तीन बजे साकेत कोर्ट में वर्चुअली पेश किया. दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने कल गुरुग्राम के एक फॉर्म हाउस से नवनीत को गिरफ्तार किया था.

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नई दिल्ली. साकेत कोर्ट ने ऑक्सीजन कंसंट्रेटर कलाबाजरी मामले के आरोपी नवनीत कालरा को तीन दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया. नवनीत कालरा को दिल्ली पुलिस ने दोपहर तीन बजे साकेत कोर्ट में वर्चुअली पेश किया. दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने कल गुरुग्राम के एक फॉर्म हाउस से नवनीत को गिरफ्तार किया था. दिल्ली पुलिस के वकील ने कोर्ट से कहा कि आरोपी नवनित कालरा पर आरोप कभी संगीन है. जो ऑक्सीजन कंसंट्रेटर जर्मनी के बताकर बेचे गए, वो गलत था. दरअसल, ऑक्सीजन कंसंट्रेटर चीन निर्मित थे और बढ़िया तरीके से काम भी नहीं कर रहे थे.  अब दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच के सामने सबसे बड़ी चुनौती है इन तीन दिनों में इस कलाबाजरी गिरोह का पर्दाफाश करना.

दरअसल, इस मामले में आईओ (investigating officer) गुरमीत सिंह ने सुनवाई के दौरान साकेत कोर्ट से कहा कि उनके पास 748 में से 524 ऑक्सीज़न कंसेंट्रेटर की जानकारी है, उन्हें लैपटॉप और अन्य गैजेट्स को रिकवर करना है, खरीदारी प्रणाली समेत बहुत सी चीजें हैं जिन्हें हासिल करने की जरूरत है.

हमें कालरा के बैंक खातों की भी जांच करनी है. इस वजह से उन्हें आरोपी कालरा का 5 दिन का पुलिस रिमांड की आवश्यकता है. ये सुनने के बाद कोर्ट ने आरोपी नवनीत कालरा को 3 दिन की रिमांड पर क्राइम ब्रांच के हवाले कर दिया.

सुनवाई के दौरान आरोपी नवनीत कालरा के वकील ने 5 दिन का पुलिस रिमांड का विरोध किया और कहा कि ये मामला जिस केस से जुड़ा हुआ है, वहां एक अन्य कोर्ट ने आरोपियों को जमानत दी है जिसमे मैट्रिक्स कंपनी के सीईओ और अन्य आरोपी हैं. आरोपी के वकील के तरफ से दलील दी गयी कि वो जांच में सहयोग करेंगे. पुलिस को अपना मोबाइल, बैंक डिटेल और अन्य चीजें देंगे. आरोपी के वकील के तरफ से ये दलील दी गई कि आरोपी कालरा ने सभी कंसंट्रेटर मैट्रिक्स कंपनी से खरीदे थे और बैंक से पैसों का लेन-देन हुआ था. बकायदे जीएसटी का भी भुगतान किया गया. वहीं क्राइम ब्रांच के तरफ से कोर्ट में बार-बार दलील दी गयी कि मामले की तह तक जाने के लिए कस्टोडियल पूछताछ जरूरी है, जिसे कोर्ट ने मान लिया और आरोपी नवनीत कालरा को 3 दिन की कस्टडी में भेज दिया.

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