Home /News /delhi-ncr /

कोर्ट की फटकार पर 8 महीने बाद दर्ज हुआ था Yuvraj Singh पर केस, जानें क्या है पूरा मामला?

कोर्ट की फटकार पर 8 महीने बाद दर्ज हुआ था Yuvraj Singh पर केस, जानें क्या है पूरा मामला?

टीम इंडिया के पूर्व आलराउंडर युवराज सिंह पर उनके रसूख के चलते 8 महीने तक पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया था. (फाइल फोटो)

टीम इंडिया के पूर्व आलराउंडर युवराज सिंह पर उनके रसूख के चलते 8 महीने तक पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया था. (फाइल फोटो)

Yuvraj Singh Arrest: युवराज सिंह के रसूख के चलते 8 महीने तक इस मामले में पुलिस ने FIR नहीं दर्ज की थी, जबकि जून 2020 अपमानजनक टिप्पणी आने के बाद ही सामाजिक कार्यकर्ता रजत कलसन इसकी शिकायत कर दी थी.

नई दिल्ली. टीम इंडिया के पूर्व क्रिकेटर युवराज सिंह (Yuvraj Singh) जिस केस को लेकर मुश्किल में दिखाई दे रहे हैं, वो 16 महीने पुराना है. उनकी मुश्किलें जून 2020 को की गई एक अपमानजनक टिप्पणी (Derogatory Comments) की वजह से बढ़ी हैं. युवराज सिंह ने दलित समाज (Dalit) को लेकर अभद्र टिप्पणी कर दी थी, जिस पर हरियाणा पुलिस ने 8 महीने बाद FIR दर्ज की थी. पूर्व भारतीय ऑलराउंडर युवराज सिंह के खिलाफ ये FIR वकील और दलित ह्यूमन राइट्स के संयोजक रजत कलसन की शिकायत पर दर्ज की गई थी.

युवराज सिंह के रसूख के चलते 8 महीने तक इस मामले में पुलिस ने FIR नहीं दर्ज की थी, जबकि जून 2020 अपमानजनक टिप्पणी आने के बाद ही सामाजिक कार्यकर्ता रजत कलसन इसकी शिकायत कर दी थी, लेकिन पुलिस ने कोई केस रजिस्टर नहीं किया. कलसन केस को कोर्ट लेकर गए और कोर्ट ने हरियाणा पुलिस को फटकार लगाते हुए केस दर्ज करने के निर्देश दिए, तब जाकर 8 महीने बाद केस रजिस्टर किया गया.

भारतीय क्रिकेट के सिक्सर किंग के खिलाफ ये FIR हिसार के हांसी शहर थाना में दर्ज हुई है. युवराज पर कई संगीन धाराओं में रपट लिखी गई, जिनमें IPC की (धारा 153, 153 A, 295, 505 ) के अलावा SC/ST एक्‍ट की धाराएं भी शामिल हैं.

युवराज सिंह पर क्या है आरोप ?
बीते साल जून महीने में युवराज के खिलाफ सोशल एक्टिविस्ट रजत कलसन ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई थी. शिकायतकर्ता ने युवराज सिंह पर आरोप लगाया था कि उन्होंने रोहित शर्मा से लाइव चैट में युजवेंद्र चहल पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी. इस मामले में नेशनल अलायंस और दलित ह्यूमन राइट्स के संयोजक रजत कलसन ने हांसी पुलिस अधीक्षक को शिकायत दी थी.

पुलिस ने शिकायत में दी गई सीडी की लैब में जांच करवाई थी. लंबी जांच के बाद इसी साल 14 फरवरी को हांसी पुलिस ने युवराज सिंह पर SC-ST एक्ट सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया था. जिसके बाद युवराज सिंह ने हाईकोर्ट में जमानत याचिका दर्ज की थी. जिसके बाद कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी थी और जांच में शामिल होने के आदेश दिए थे.

क्या हुआ था उस लाइव चैट में ?
भारत के 2011 वर्ल्ड कप के हीरो पर जिस बात को लेकर FIR हुआ है वो मामला पिछले साल जून महीने में उनकी टीम इंडिया के मौजूदा ओपनर रोहित शर्मा के साथ हुई इंस्टाग्राम लाइव चैट से जुड़ा है. युवराज पर आरोप है कि उन्होंने इस चैट के दौरान जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया था.

रोहित से चैट करते हुए युवराज बोलते हैं कि कुलदीप भी ऑनलाइन आ गया. उधर से रोहित शर्मा बोलते हैं कि कुलदीप ऑनलाइन हैं, ये सब ऑनलाइन हैं, ये सब ऐसे ही बैठे हुए हैं… इतने में युवी बोलते हैं कि ये भंगी लोगों को कोई काम नहीं है युजी को. बस यहीं से सारा बखेड़ा खड़ा हुआ है. तब युजी यानी युजवेंद्र चहल को जातिसूचत शब्द कहे जाने से युवराज सिंह को लोगों की नाराजगी झेलनी पड़ी थी. इतना ही नहीं ट्विटर पर #युवराज_सिंह_माफी_मांगो टॉप ट्रेंड में रहा. हालांकि, बाद में युवराज सिंह ने इस पर माफी भी मांगी थी.

Tags: Cricketer yuvraj singh, Haryana news, Haryana police, SC ST Category, Yuvraj singh, Yuvraj singh trolling

विज्ञापन

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें
विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर