प्‍लाज्‍मा थेरेपी को बंद करने की तैयारी! दिल्‍ली सरकार ने केंद्र पर लगाए गंभीर आरोप

सत्येन्द्र जैन ने कहा है कि केन्द्र सरकार प्लाज्मा थैरेपी पर राजनीति कर रही है. (File Photo)
सत्येन्द्र जैन ने कहा है कि केन्द्र सरकार प्लाज्मा थैरेपी पर राजनीति कर रही है. (File Photo)

दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येन्द्र जैन (Satyendra Jain) ने नाराज़गी जताते हुये कहा कि प्लाज्मा थेरेपी वैसे तो 100 साल से चल रही थी, लेकिन कोरोना के मामले में दिल्ली सरकार (Delhi Government) ने इसे शुरू किया था.

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 22, 2020, 2:28 PM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. प्लाज्मा थेरेपी (Plasma Therapy) को बंद करने के केन्द्र के विचार पर दिल्ली सरकार के स्वास्थ्य मंत्री सत्येन्द्र जैन (Satyendra Jain) ने केन्द्र सरकार पर बड़ा आरोप लगाया है. उनका कहना है कि केन्द्र सरकार इस मामले में राजनीति कर रही है. दरअसल] केंद्र सरकार अब देश में प्लाज़्मा थेरेपी बंद करने पर विचार कर रही है. आईसीएमआर (ICMR) के मुताबिक नेशनल टास्क फोर्स ने प्लाज्मा थेरेपी ट्रायल के बारे में चर्चा की है, आगे भी ज्‍वाइंट मॉनिटरिंग ग्रुप में इसके बारे में चर्चा की जा रही है. इसको नेशनल गाइडलाइंस से हटाया जा सकता है. यह बयान आईसीएमआर के डीजी बलराम भार्गव की तरफ़ से सामने आया था.

सतेन्द्र जैन का कहना है कि आईसीएमआर ने भी प्लाज्मा थेरेपी को शुरू किया था, लेकिन वे ज्यादा आगे नहीं बढ़ पाए. दिल्ली की प्लाज़्मा थेरेपी की अमेरिका ने भी तारीफ की. दिल्ली में 2000 से भी ज्यादा लोगों को प्लाज़्मा थेरेपी दी जा चुकी है. ये वो लोग हैं, जिन्होंने सीधे तौर पर प्लाज्मा बैंक के जरिए प्लाज्मा लिया. उसके अलावा भी लोगों ने अपने स्तर पर प्लाज्मा लिया है.

दिल्‍ली के स्‍वास्‍थ्‍य मंत्री ने कहा, 'मुझे लगता है कि केंद्र सरकार इसमें राजनीति कर रही है, क्योंकि प्लाज्मा थेरेपी इतनी कामयाब रही है और उसकी शुरुआत अरविंद केजरीवाल की सरकार ने की. मुझे लगता है कि केंद्र सरकार को इस पर राजनीति नहीं करनी चाहिए, इसे बंद नहीं करना चाहिए. लोगों की जिंदगी बचाने के लिए उन्हें आगे आना चाहिए.'



आईसीएमआर और एम्स पर भी लगाए आरोप
प्लाज्मा थेरेपी के बारे में बोलते हुए सतेन्द्र जैन ने आरोप लगाए हैं कि केन्द्र सरकार से रिसर्च हो नहीं पा रहा. आईसीएमआर और एम्स मिलकर रिसर्च कर रहे थे उनसे हो नहीं पाया. दिल्ली सरकार ने थर्ड फेज तक का ट्रायल किया, उन्होंने परमिशन भी दी. दिल्ली सरकार उन्हें पूरा डाटा दे रही है. यह काफी हद तक कामयाब भी है, तभी हम कर रहे हैं. इसमें क्रेडिट दिल्ली सरकार को न जाए, इसलिए यह राजनीति हो रही है. इसके साथ ही सत्येन्द्र जैन ने कहा कि हम उनसे हर डाटा शेयर कर रहे हैं. अभी भी जैसे ही स्टडी खत्म होगी, उन्हें डाटा शेयर किया जाएगा.



प्लाज्मा थेरेपी का मैं खुद एक उदाहरण हूं
सतेन्द्र जैन का कहना है कि मैं खुद एक उदाहरण हूं कि किस तरह मेरी प्लाज्मा थेरेपी से जान बची है. ऐसे कितने ही लोगों को प्लाज्मा दिया गया. मैं निवेदन करूंगा केन्द्र सरकार से कि राजनीति के तहत इसे बंद न किया जाए. यह सवाल इसलिए उठ रहा है, क्योंकि जो ट्रायल आईसीएमआर कर रहा था, वह नहीं कर पाया और दिल्ली सरकार इस ट्रायल में सफल रही. हम आगे बढ़ गए.

दरअसल, सितंबर महीने में आईसीएमआर द्वारा प्लाज्मा थेरेपी पर किए गए ट्रायल के नतीजे सामने आए थे, जिसमें कहा गया कि प्लाज्मा थेरेपी न तो कोरोना मरीजों की मौत रोकने में कामयाब हो पा रही है और न ही हालात बिगड़ने की रफ्तार पर ब्रेक लगा पा रही है. इसके बाद से ही देश में प्लाज्मा थेरेपी के भविष्य को लेकर अटकलें लग रही थीं.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज