रेलवे ने झुग्गी-झोपड़ियो में जमीन खाली करने का क्यों लगाया नोटिस? पांच बिदुंओं में समझें पूरा मामला
Delhi-Ncr News in Hindi

रेलवे ने झुग्गी-झोपड़ियो में जमीन खाली करने का क्यों लगाया नोटिस? पांच बिदुंओं में समझें पूरा मामला
इंडियन रेलवे ने झुग्गी बस्ती वालों को नोटिस भेजकर रेलवे की जमीन खाली करने को कहा है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: September 11, 2020, 6:43 PM IST
  • Share this:
नई दिल्ली. भारतीय रेलवे (Indian Railways) ने रेल ट्रैक (Rail Track) के किनारे बसी झुग्गियों (Slums) को हटाने का नोटिस भेजना शुरू कर दिया है. सुप्रीम कोर्ट (Supreme court) ने रेलवे की जमीन पर बनी 48 हजार झुग्गियों को तीन महीने के अंदर हटाने का आदेश दिया था. इसके बाद रेलवे ने यह नोटिस भेजा है. नोटिस लगाने के बाद इस मामले में राजनीति शुरू हो रही है. सुप्रीम कोर्ट ने यह आदेश क्यों दिया था और यह मामला क्या है इसको पांच बिंदुओं में समझते हैं...

  1. रेल पटरियों के किनारे रेलवे की जमीन पर 60 जगहों पर 48000 अवैध झुग्गियां बनी हैं, जहां सालों से लोग रह रहे हैं. सुप्रीम कोर्ट ने रेलवे ट्रैक की सुरक्षा की दृष्टि से इस जमीन को 14 सितंबर तक खाली कराने का आदेश दिया था. इसके बाद स नोटिस भेजा जा रहा है.

  2.  साल 2018 में दिल्ली हाई कोर्ट ने भी रेलवे ट्रैक के सेफ्टी जोन से झुग्गियों को हटाने का आदेश दिया था. उस दौरान भी इस मामले को लेकर काफी राजनीति हुई थी. सभी राजनीतिक पार्टियां झुग्गी में रहने वाले लोगों के समर्थन में उतर आई थीं. इसके बाद सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की गई थी. इस बार सुप्रीम कोर्ट ने यह आदेश एमसी मेहता मामले में दिया है.

  3. झुग्गियों में जैसे ही जमीन खाली करने का नोटिस लगाया गया इस पर राजनीति होने लगी. बीजेपी और आम आदमी पार्टी ने एक दूसरे पर गरीबों को बेघर करने का आरोप लगाना शुरू कर दिया. तुगलकाबाद रेल पटरियों के किनारे बनी इन झुग्गियों में तीस साल से लोग रह रहे हैं. इनमें बहुत सारे लोग ऐसे भी हैं, जो 50 साल से इन झुग्गियों में रह रहे हैं.

  4. कांग्रेस के नेता अजय मकान ने दिल्ली सरकार और रेलवे पर लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाकर सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है. उनका कहना है कि लोग बेघर हो जाएंगे. इतनी बड़ी आबादी रहने के लिए कहां जाएगी अगर जमीन को खाली कराया गया तो.

  5. भारतीय रेलवे ने झुग्गियों को लेकर सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि दिल्ली-एनसीआर में 140 किलोमीटर लंबी रेलवे लाइन के साथ झुग्गीवासियों का अतिक्रमण है, जिसमें 70 किलोमीटर लाइन के साथ बहुत ज्यादा है. यहां करीब 48000 झुग्गियां हैं. रेलवे ने कहा कि एनजीटी ने अक्टूबर 2018 में आदेश दिया था, जिसके तहत इन झुग्गी बस्तियों को हटाने के लिए स्पेशल टास्क फोर्स का गठन किया गया था.



अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading