Sagar Murder Case:...तो काला जठेड़ी समेत कई गैंगस्‍टरों से ऐसे हुई पहलवान सुशील कुमार की दोस्‍ती! जानें पूरी कहानी

पहलवान सुशील कुमार की गई गैंगों से दोस्‍ती है.

Sushil Kumar News: पहलवान सागर धनखड़ की हत्‍या के मामले में अब तक ओलंपिक पदक विजेता पहलवान सुशील कुमार (Sushil Kumar) समेत नौ लोग गिरफ्तार हो चुके हैं. वहीं पुलिस सूत्रों के मुताबिक, सुशील और कई गैंगस्‍टरों की नजदीकी कुछ साल पहले हुई थी.

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    नई दिल्ली. देश की राजधानी दिल्ली के छत्रसाल स्टेडियम (Chhatrasal Stadium) में 4 मई को हुई पहलवान सागर धनखड़ की हत्या के मामले में ओलिंपिक मेडलिस्‍ट सुशील कुमार (Sushil Kumar) की रिमांड फिर बढ़ गई है. दिल्‍ली के रोहिणी कोर्ट ने पहलवान की पुलिस रिमांड 4 और दिन बढ़ा दी है. हालांकि दिल्ली पुलिस ने 7 दिन की रिमांड की मांग करते हुए कहा था कि सुशील उस जघन्य अपराध का मास्टरमाइंड और मुख्य अपराधी है जिसमें एक युवा पहलवान की मौत हुई थी. इसके अलावा पुलिस ने कहा है कि पिछले 6 दिनों के दौरान सुशील कुमार ने सहयोग नहीं किया. वहीं, आरोपियों के मोबाइल फोन अभी बरामद नहीं हुए हैं. जबकि हर कोई ये जानने को बेताब है कि गैंगस्टर संदीप उर्फ काला जठेड़ी समेत बाकी गैंग के करीब पहलवान सुशील कुमार कैसे और कब आए?

    यही नहीं, सुशील कुमार के गैंगस्टर संदीप उर्फ काला जठेड़ी के नजदीक आने के साथ तिहाड़ जेल में बंद गैंगस्टर नीरज बवाना और गैंगवॉर में मारे गए गैंगस्टर राजीव उर्फ काला असौदा के बीच क्या रिश्ता है? बता दें कि इन्‍हीं दोनों गैंग (बवाना और असौदा) के बदमाश सुशील की मदद के लिए छत्रसाल स्टेडियम आए थे और सागर धनखड़ व उसके साथियों की जमकर पिटाई की थी, जिसमें सागर की इलाज के दौरान अस्‍पताल में मौत हो गई थी.

    इस वजह से गैंगस्टरों के करीब आए सुशील कुमार
    दिल्‍ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, करीब चार साल पहले पहलवान सुशील कुमार ने एक बड़ी कंपनी से नॉर्थ इंडिया के सभी टोल प्लाजा पर टैक्स वसूलने का ठेका हासिल किया था. जबकि इन टोल से अवैध शराब लेकर हरियाणा के गैंगस्टरों के ट्रक भी गुजरा करते हैं. इसके अलावा कारोबारियों से जबरन वसूली करने वाले गैंगस्टर टोल प्लाजा के ठेकेदारों से भी रंगदारी मांगते हैं. इस बीच सुशील को जब इन टोल प्‍लाजा का ठेका मिला तो गैंगस्‍टरों ने उनसे संपर्क किया. पुलिस के मुताबिक, गैंगस्‍टर काला जठेड़ी ने सुशील से रंगदारी तो नहीं मांगी, लेकिन अपने अवैध शराब से लदे ट्रकों को टोल टैक्स से छूट देने की शर्त रखी थी. इस तरह से सुशील कुमार और जठेड़ी गैंग एक दूसरे के करीब आ गए.

    यही नहीं, पिछले कुछ सालों में गैंगस्टर संदीप उर्फ काला जठेड़ी का खौफ राजस्थान और हरियाणा के अलावा दिल्‍ली में भी बढ़ गया. जठेड़ी गैंग इन राज्‍यों के कारोबारियों से रंगदारी मांगते हैं और कोई मना करता है तो उसके गुर्गे फायरिंग कर दहशत पैदा कर देते हैं. वहीं पुलिस सूत्रों मुताबिक, सुशील से जुड़े लोग डरे-सहमे कारोबारी से सेटलमैंट के लिए संपर्क करते और बीच का रास्ता निकाल लिया जाता है. हालांकि पुलिस का दावा है कि यह सात लाख रुपये का इनामी गैंगस्टर विदेश भाग गया है. इसके अलावा पुलिस पुलिस सूत्रों ने बताया कि मकोका के तहत जेल में बंद मुंडका के पूर्व विधायक रामबीर शौकीन भी पहलवान रह चुका है. सुशील से उसकी पुरानी दोस्ती है. जबकि रामबीर और बहादुरगढ़ के असौदा गांव का राजीव उर्फ काला असौदा रिश्ते में एक-दूसरे के भाई लगते हैं, तो नीरज सहरावत उर्फ नीरज बवानिया दोनों का सगा भांजा है. साफ है कि पूर्व विधायक की वजह से सुशील की कई और गैंग के साथ दोस्‍ती हुई.

    अब तक नौ लोग गिरफ्तार, लेकिन सुशील लगातर बदल रहे बयान
    पहलवान सागर धनखड़ की हत्या के मामले में दिल्ली पुलिस ने सुशील कुमार समेत अब तक नौ आरोपी गिरफ्तार किए हैं. दिल्‍ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, सागर हत्‍याकांड को लेकर हो रही पूछताछ में सुशील कुमार क्राइम ब्रांच की टीम को बार-बार अलग बयान दे रहे हैं. सुशील ने पूछताछ में कहा कि मैं बेगुनाह हूं और मुझे सागर धनखड़ के मसले पर गुमराह किया गया था. साथ ही मुझे उसके खिलाफ गलत जानकारी दी गई थी. आखिर मैं किसी की हत्या क्यों करूंगा? साथ ही पहलवान ने कहा कि लोगों ने फरारी के दौरान कहा था कि तुम फिलहाल छुप जाओ, बाद में सब ठीक हो जाएगा और वकील के मार्फत कोर्ट को बता दिया जाएगा. मैं किसी की हत्या करने की कभी सोच भी नहीं सकता हूं और न मैं किसी भी गैंगस्टर के साथ न रहा हूं, न किसी का समर्थन या सहयोग करता हूं. ये एक साजिश के तहत कोई आरोप लगवा रहा है.

    सिर्फ डर पैदा करना था मकसद
    इससे पहले दिल्‍ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की पूछताछ में सुशील कुमार ने बताया था कि वह सागर को सिर्फ डराना चाहता था, इसलिए पिटाई की थी. यही नहीं, हथियार भी इसीलिए लाए गए थे और इस पूरी घटना का वीडियो खौफ पैदा करने के लिए बनवाया गया था. हालांकि सागर का मारने का कोई इरादा नहीं था, लेकिन जब उसकी मौत की सूचना मिली तो मैं भाग गया और इधर उधर 18 दिन तक गायब रहा. इसके बाद दिल्‍ली लौटा था.