न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी हिंसा: देशद्रोह के आरोपी शरजील इमाम को कोर्ट ने 3 मार्च तक न्यायिक हिरासत में भेजा

देश विरोधी भाषण देने के आरोपी शरजील इमाम को दिल्ली पुलिस ने बिहार के जहानाबाद से गिरफ्तार किया था (File Photo)
देश विरोधी भाषण देने के आरोपी शरजील इमाम को दिल्ली पुलिस ने बिहार के जहानाबाद से गिरफ्तार किया था (File Photo)

मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट गुरमोहिना कौर की अदालत में दिल्ली पुलिस ने आरोपपत्र दायर किया, जिसमें इमाम पर हिंसा के लिए लोगों को उकसाने का आरोप लगाया गया है.

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  • Last Updated: February 18, 2020, 7:01 PM IST
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नई दिल्ली. दिल्ली की एक अदालत ने शरजील इमाम को मंगलवार को तीन मार्च तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया. दिल्ली पुलिस ने न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी में संशोधित नागरिकता कानून (CAA) के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा के मामले में मंगलवार को अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया, जिसमें शरजील इमाम पर लोगों को उकसाने का आरोप लगाया गया है. अदालत ने इमाम को तीन मार्च तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया जिसे पिछले महीने राजद्रोह के मामले में गिरफ्तार किया गया था.

मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट गुरमोहिना कौर की अदालत में दिल्ली पुलिस ने आरोपपत्र दायर किया, जिसमें इमाम पर हिंसा के लिए लोगों को उकसाने का आरोप लगाया गया है. पुलिस ने आरोपपत्र के साथ सीसीटीवी फुटेज, कॉल रिकॉर्ड्स और 100 से अधिक गवाहों के बयान बतौर प्रमाण संलग्न किए गए हैं. अदालत ने सोमवार को इमाम को एक दिन की दिल्ली पुलिस की हिरासत में भेजा था क्योंकि हिंसा मामले में एक अन्य आरोपी फुरकान ने अपने बयान में आरोप लगाया कि उसे इमाम के भाषणों ने उकसाया था, जिसके बाद मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट गुरमोहिना कौर ने यह आदेश दिया था.

फुरकान को एक सीसीटीवी फुटेज के आधार पर गिरफ्तार किया

पुलिस ने इससे पूर्व अदालत को बताया था कि फुरकान को एक सीसीटीवी फुटेज के आधार पर गिरफ्तार किया गया था जिसमें उसे एक कंटेनर ले जाते हुए देखा जा सकता है और कंटेनर में कथित तौर पर पेट्रोल था. मामले में 16 दिसंबर को चार लोगों को गिरफ्तार किया गया था और उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था. फुरकान को बाद में गिरफ्तार किया गया था. जामिया मिल्लिया इस्लामिया और अलीगढ़ में भड़काऊ भाषण देने के आरोप में इमाम को 28 जनवरी को बिहार के जहानाबाद से गिरफ्तार किया गया था.



राजद्रोह और अन्य आरोपों में मामला दर्ज

इमाम के खिलाफ 26 जनवरी को राजद्रोह और अन्य आरोपों में मामला दर्ज किया गया था. पिछले वर्ष 15 दिसंबर को संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ एक प्रदर्शन के दौरान जामिया मिल्लिया इस्लामिया के पास न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी में पुलिस के साथ हुए संघर्ष में प्रदर्शनकारियों ने चार सार्वजनिक बसों और दो पुलिस वाहनों को जला दिया था. इस घटना में छात्रों, पुलिसकर्मियों और दमकलकर्मियों समेत लगभग 60 लोग घायल हो गए थे. पुलिस ने उग्र भीड़ को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया था और आंसू गैस के गोले छोड़े थे. पुलिसकर्मी यह कहते हुए जामिया परिसर में प्रवेश कर गए थे कि दंगाई वहां छिपे हैं. हालांकि जामिया छात्रों ने इस बात से इनकार किया कि वे हिंसा में शामिल थे. छात्रों ने पुलिस बर्बरता का आरोप लगाया था.

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