...तो इसलिए जंगल छोड़ बाहर आ रहे हैं अजगर, NGO ने चेताया, कहा-देखते ही करें ये काम

अजगर सर्दियों में गर्म होने के लिए बाहर निकल कर धूप सेकते हैं.
अजगर सर्दियों में गर्म होने के लिए बाहर निकल कर धूप सेकते हैं.

वाइल्ड लाइफ एसओएस (Wild life SOS) एनजीओ के एक्सपर्ट का कहना है फिलहाल कुछ समय तक और ऐसे ही अजगरों के जंगल से बाहर निकलने की घटनाओं में इजाफा हो सकता है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 20, 2020, 6:54 PM IST
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नई दिल्ली. अजगर (Python) लगातार आबादी वाले इलाकों में निकल रहे हैं. कभी घरों के अंदर मिल रहे हैं तो कभी कार (Car) और ऑटो रिक्शा में. अक्टूबर शुरू होते ही अजगर दिखाई देने की घटनाएं बढ़ गई हैं. 19 अक्टूबर को एक अजगर कॉलेज की एक लैब में पहुंच गया. एक अन्य घटना में अजगर बोरवेल में गिर गया. वाइल्ड लाइफ एसओएस (Wild life SOS) नामक एनजीओ की टीम ने दोनों अजगर को रेस्क्यू (Rescue) करने के बाद मेडिकल चेकअप किया और उन्हें वापस जंगल (Forest) में छोड़ दिया. वाइल्ड लाइफ एसओएस आगरा, दिल्ली और गुजरात में अजगर समेत दूसरे सांप आदि पकड़ने का काम करती है. इसके अलावा वाइल्ड लाइफ एसओएस बीयर और एलीफेंट रेस्क्यू सेंटर भी चला रही हैं. इस एनजीओ का मथुरा में एलीफेंट रेस्क्यू सेंटर तो आगरा में बीयर रेस्क्यू सेंटर चल रहा है.

एक्सपर्ट बोले- इसलिए जंगल छोड़ आबादी में आ रहे हैं अजगर
वाइल्ड लाइफ एसओएस के डायरेक्टर कंज़रवेशन प्रोजेक्ट्स, बैजराज एमवी का कहना है, “सर्दियों के नज़दीक आने के साथ ही अजगर अपने शरीर के तापमान को बनाए रखने के लिए जंगल से बाहर निकलेंगे. ऐसा वो धूप सेंकने के लिए करते हैं. हम लोगों से अनुरोध करते हैं कि वे ऐसी किसी भी स्थिति में घबराएं नहीं और हमारे हेल्पलाइन नंबर (+91-9917109666) पर अजगर दिखाई दिए जाने की सूचना दें.”

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वाइल्डलाइफ एसओएस के सह-संस्थापक और सीईओ कार्तिक सत्यनारायण का इस बारे में कहना है, “अजगर अक्सर अपने आकार के कारण ग़लतफहमी के शिकार हो जाते हैं, लोग इन्हें खतरनाक मान लेते हैं. इस प्रजाति को वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 की अनुसूची एक  के तहत एक बाघ के समान ही सुरक्षा की सूची में रखा गया है."



कॉलेज की लैब के पास तक पहुंच गया अजगर
19 अक्टूबर को आगरा में आनंद इंजीनियरिंग कॉलेज के मैकेनिकल विभाग की मेट्रोलॉजी लैब तक एक 6 फुट लंबा अजगर पहुंच गया. लेकिन लैब में घुसने की कोशिश के दौरन अजगर दरवाजे के नीचे ही फंस गया. सुबह जब कर्मचारी सफाई के लिए पहुंचे तो उन्होंने अजगर को देखा. कॉलेज स्टाफ ने तुरंत ही वाइल्ड लाइफ एसओएस की हेल्प लाइन पर फोन कर अजगर के बारे में जानकारी दी.

एक अन्य घटना में अछनेरा के झारोटी गांव से लगभग दस फुट लंबे अजगर को भी वाइल्ड लाइफ एसओएस टीम ने बचाया. विशालकाय अजगर एक खुले बोरवेल में गिर गया था. अजगर को सुरक्षित रूप से बाहर निकालने में टीम को लगभग एक घंटे का समय लगा. बाद में अजगर को वापस जंगल में छोड़ दिया गया.
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