उन्नाव रेप पीड़िता के घरवालों के रहने-खाने की व्यवस्था करेगा AIIMS, CBI उठाएगी खर्च

कोर्ट ने कहा, ‘यह स्पष्ट किया जाता है कि इस आदेश का सख्ती से अनुपालन किया जाए. ऐसा करने में विफल रहने पर विश्राम सदन के सदस्य या प्रबंधक अदालत की कार्यवाही की अवमानना का सामना करेंगे.’

भाषा
Updated: August 10, 2019, 8:00 AM IST
उन्नाव रेप पीड़िता के घरवालों के रहने-खाने की व्यवस्था करेगा AIIMS, CBI उठाएगी खर्च
कोर्ट ने एम्स से उन्नाव गैंगरेप पीड़िता के परिजनों के रहने-खाने का प्रबंध करने को कहा है (फाइल फोटो)
भाषा
Updated: August 10, 2019, 8:00 AM IST
दिल्ली की एक अदालत ने अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वो उन्नाव रेप पीड़िता (Unnao rape survivor) के परिजनों के रहने और खाने की व्यवस्था करें. जिला जज धर्मेश शर्मा ने एम्स के विश्राम सदन को निर्देश दिया कि वो उन्नाव रेप पीड़िता के परिजनों को कम से कम दो कमरे और दिन में तीन बार भोजन उपलब्ध कराये.

पीड़ित युवती अस्पताल में भर्ती है और उसकी हालत नाजुक है.

केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) उठाएगा इन सुविधाओं का खर्च
अदालत ने कहा कि इस सुविधा का खर्च केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) उठाएगा जो 28 जुलाई को रायबरेली में हुए सड़क दुर्घटना की जांच कर रहा है. इस हादसे में रेप पीड़िता और उसके वकील गंभीर रूप से घायल हो गये थे. जबकि उसकी मौसी और चाची की मौके पर ही मौत हो गई थी.

कोर्ट ने कहा, ‘यह स्पष्ट किया जाता है कि इस आदेश का सख्ती से अनुपालन किया जाए. ऐसा करने में विफल रहने पर विश्राम सदन के सदस्य या प्रबंधक अदालत की कार्यवाही की अवमानना का सामना करेंगे.’

पीड़ित युवती ने अपनी शिकायत में विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर आरोप लगाया था कि उन्होंने और उनके आदमियों ने उसके साथ रेप और लंबे समय तक यौन शोषण किया है


सिर्फ एक कमरे में रह रहे थे पीड़िता के परिवार के 7 सदस्य
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पीड़िता के वकीलों धर्मेंद्र मिश्र और पूनम कौशिक ने अदालत को बताया कि पीड़िता के परिवार को केवल एक कमरा दिया गया है जहां बच्चों समेत सात सदस्य रह रहे हैं. इसके बाद अदालत का यह आदेश आया है.

इससे पहले दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने उन्नाव रेप केस में विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के खिलाफ आरोप तय किए. कोर्ट ने प्रथम दृष्टया पाया कि आरोपी विधायक कुलदीप सेंगर (Kuldeep Sengar) के खिलाफ आरोप तय करने के लिए साक्ष्य (सबूत) मौजूद हैं. कोर्ट ने सेंगर पर गैंगरेप और पॉस्को एक्ट 120 बी के तहत आरोप तय किए हैं.

इस मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर सेंगर को दिल्ली की तिहाड़ जेल में शिफ्ट किया गया है. पीड़िता को भी इलाज के लिए एम्स लाया गया है. जहां उसका उपचार चल रहा है. घायल पीड़िता के वकील को भी एम्स लाया गया है. वो अभी कोमा में हैं.

यह भी पढ़ें: उन्नाव गैंगरेप कांड में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद पीड़िता को अब तक नहीं मिली CRPF सुरक्षा
First published: August 10, 2019, 5:46 AM IST
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