स्‍वदेशी जागरण मंच ने PM मोदी को लिखी चिट्ठी- चीन से छीनो MFN का दर्जा

जैश-ए-मोहम्‍मद के सरगना मसूद अजहर पर चीन के रुख के खिलाफ राष्‍ट्रीय स्‍वयंसेवक संघ से जुड़ी संस्‍था स्‍वदेशी जागरण मंच के अखिल भारतीय सह-संयोजक अश्विनी महाजन ने पीएम नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखी है.

News18Hindi
Updated: March 14, 2019, 6:18 PM IST
स्‍वदेशी जागरण मंच ने PM मोदी को लिखी चिट्ठी- चीन से छीनो MFN का दर्जा
File Photo
News18Hindi
Updated: March 14, 2019, 6:18 PM IST
पुलवामा में सीआरपीएफ के 40 जवानों को शहीद करने की जिम्‍मेदारी लेने वाले पाकिस्‍तान स्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्‍मद के सरगना मसूद अजहर के प्रति चीन के रवैये से देशभर में आक्रोश है. चीन ने संयुक्‍त राष्‍ट्र सुरक्षा परिषद में आतंकी मसूद अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित करने वाले प्रस्‍ताव पर वीटो लगा दिया. पड़ोसी देश के इस रुख से भारत में काफी नाराजगी है. विपक्ष के साथ अब राष्‍ट्रीय स्‍वयंसेवक संघ (RSS) की सहयोगी संस्‍था स्‍वदेशी जागरण मंच ने भी मोदी सरकार से चीन को माकूल जवाब देने की मांग की है. मंच के अखिल भारतीय सह-संयोजक डॉक्‍टर अश्विनी महाजन ने इस बाबत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चिट्ठी भी लिखी है. उन्‍होंने पाकिस्‍तान की तर्ज पर चीन से भी सबसे ज्‍यादा तरजीही राष्‍ट्र (MFN) का दर्जा छीनने की मांग की है.

आतंकी अजहर पर चीन का कदम निंदनीय
अश्विनी महाजन ने पीएम मोदी को लिखी चिट्ठी में कहा, "संयुक्‍त राष्‍ट्र सुरक्षा परिषद में मसूद अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित करने वाले प्रस्‍ताव पर चीन के वीटो से पूरे देश में गुस्‍सा है. चीन का यह कदम बेहद निंदनीय और आतंकवाद के खिलाफ संघर्ष के विरुद्ध है. अंतर्राष्‍ट्रीय समुदाय भी चीन के इस कदम की आलोचना कर रहा है. ऐसे में अब वक्‍त आ गया है कि चीन को दिए गए MFN का दर्जा वापस ले लिया जाए. पाकिस्‍तान के मामले में आपकी (पीएम मोदी) सरकार पहले ही ऐसा कर चुकी है. इसके अलावा चीन की वस्‍तुओं को प्रतिबंधित भी किया जाए."

cartoon


चीन से आयातित वस्‍तुओं पर बढ़ाएं टैरिफ


स्‍वदेशी जागरण मंच ने कहा कि भारत पड़ोसी देश चीन से 76 अरब डॉलर (5.27 लाख करोड़ रुपए) से ज्‍यादा का आयात करता है. इस वजह से व्‍यापार घाटा भी बहुत ज्‍यादा है. पीएम मोदी को लिखे पत्र में अश्विनी महाजन ने मंच की ओर से कराए गए सर्वेक्षण का भी हवाला दिया है. उन्‍होंने लिखा, "स्‍वदेशी जागरण मंच द्वारा करवाए गए सर्वेक्षण में चीनी वस्‍तुओं पर मौजूदा टैरिफ बेहद कम होने की बात सामने आई है. चीन से किए जाने वाले आयात को कम करने के लिए भारत सरकार को टैरिफ रेट बढ़ाने की जरूरत है."

ये भी पढ़ें-
Loading...

लोकसभा चुनाव: NCP ने जारी की उम्मीदवारों की पहली लिस्ट, जानें कौन कहां से लड़ेगा

लोकसभा चुनाव 2019: कांग्रेस ने जारी की दूसरी लिस्ट, सपा के खिलाफ उतारा प्रत्याशी

अखिलेश के ‘मुलायम’ कदम से मैनपुरी में शुरू हुई सियासी तनातनी, तेज प्रताप पर टिकीं नजरें

एक क्लिक और खबरें खुद चलकर आएगी आपके पास, सब्सक्राइब करें न्यूज़18 हिंदी  WhatsApp



अब BJP का गढ़ बन चुकी है ताजनगरी, BSP के कुंवर को हराकर रामशंकर ने खिलाया था कमल
Loading...

और भी देखें

पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...