लाइव टीवी
Elec-widget

दिल्ली में AAP और भाजपा के बीच मुकाबला, कांग्रेस रेस से बाहर: संजय सिंह

भाषा
Updated: November 17, 2019, 2:46 PM IST
दिल्ली में AAP और भाजपा के बीच मुकाबला, कांग्रेस रेस से बाहर: संजय सिंह
AAP सांसद संजय सिंह ने कहा कि दिल्ली में कांग्रेस रेस से बाहर है. (फाइल फोटो)

AAP के राज्‍यसभा संजय सिंह (Sanjay Singh) ने कहा कि दिल्ली में जनता ने हमारा काम देखा है और वे इससे खुश हैं. आमलोग इसके आधार पर ही मतदान करेंगे.

  • Share this:
नई दिल्ली. आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता संजय सिंह (Sanjay Singh) का कहना है कि अगले साल की शुरुआत में होने वाले दिल्ली विधानसभा चुनाव में 'आप' और भाजपा (BJP) के बीच सीधा मुकाबला होगा और कांग्रेस (Congress) प्रतिस्पर्धा में ही नहीं है. AAP ने उन खबरों को दरकिनार कर दिया कि कांग्रेस हरियाणा (Haryana) की तरह दिल्‍ली चुनाव में छुपा रुस्तम साबित हो सकती है. उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में स्थिति 'पूरी तरह अलग' है. आप के सांसद सिंह ने दावा किया कि दिल्ली में कोई कांग्रेस का जिक्र भी नहीं करता और उसे दिल्ली में होने वाले चुनावों में प्रतिद्वंद्वी भी नहीं समझा जा सकता.

AAP के राज्‍यसभा सदस्‍य संजय सिंह 'PTI' को दिए एक साक्षात्कार में कहा, 'दिल्ली में लोगों ने हमारा काम देखा है और वे इससे खुश हैं और वे इसके आधार पर ही मतदान करेंगे.' संजय सिंह ने विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के साथ चुनाव पूर्व गठबंधन करने की संभावनाओं को नकार दिया.

AAP सांसद ने बताए पार्टी के चुनावी एजेंडे
आगामी चुनाव को लेकर AAP के एजेंडे के बारे में पूछे जाने पर सजंय सिंह ने कहा, 'पिछले पांच साल में ‘आप’ सरकार अपनी योजनाओं के जरिए समाज के हर वर्ग तक पहुंची है. फिर चाहे वह बच्चों एवं युवाओं के कल्याण के लिए शिक्षा हो, बुजुर्गों के लिए तीर्थ यात्रा हो, बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा हो या उनकी सुरक्षा के लिए सीसीटीवी लगाने की योजना हो. यह दर्शाता है कि हम सभी को आगे ले जाने पर विचार करते हैं. यही वे एजेंडे हैं, जिन्हें सरकार सत्ता में आने के बाद आगे लेकर जाएगी.'

BJP की घोषणा को बताया जुमला
यह पूछे जाने पर कि क्या दिल्ली में अनधिकृत कॉलोनियों के नियमन संबंधी केंद्र की हालिया घोषणा भाजपा के लिए पासा पलट सकती है, संजय सिंह ने कहा कि यह बीजेपी का एक और 'जुमला' है. उन्होंने कहा कि यदि भाजपा इस कदम के लिए गंभीर है तो वह इसके लिए अध्यादेश ला सकती थी, लेकिन ऐसा नहीं किया गया. यह 'जुमले' के अलावा और कुछ नहीं है.

Loading...

ये भी पढ़ें- 

मप्र: लैब टेक्नीशियन को जांच के सत्यापन का अधिकार देने की मांग, सौंपा ज्ञापन

प्रदेश में छात्र संघ चुनावों की तारीख क्यों तय नहीं कर पा रहा शिक्षा विभाग?

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए Delhi से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: November 17, 2019, 1:28 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...