बिहार के चमकी बुखार पर केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल किया हलफनामा

चमकी बुखार पर दिल्ली के वकील मनोहर कुमार ने एक याचिका लगाई थी, जिसमें उन्होंने बिहार सरकार और केंद्र सरकार से चमकी बुखार की रोकथाम के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी मांगी थी. सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका पर केंद्र और बिहार सरकार से जवाब मांगा था.


Updated: July 3, 2019, 7:22 PM IST
बिहार के चमकी बुखार पर केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल किया हलफनामा
चमकी बुखार पर केंद्र ने दाखिल किया हलफनामा

Updated: July 3, 2019, 7:22 PM IST
बिहार में चमकी बुखार के कारण हुई बच्चों की मौत के मामले में केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर दिया है. हलफनामे में बताया गया है कि केंद्र सरकार के सहयोग से बिहार में एक साल के अंदर श्रीकृष्णा मेडिकल कॉलेज एवं हास्पिटल (SKMCH) में 100 बिस्तर वाले बाल चिकित्सा आईसीयू का निर्माण होगा. साथ ही राज्य के कुछ जिलों में पांच वायरोलॉजी लैब भी बनाई जाएंगी. सुप्रीम कोर्ट अगले सप्ताह इस मामले पर सुनवाई कर सकता है.

दरअसल दिल्ली के एक वकील की याचिका पर कोर्ट ने केंद्र और बिहार सरकार से जवाब मांगा था. याचिका में केंद्र और राज्य सरकार से पूछा गया था कि बिहार में चमकी बुखाकर की रोकथाम के लिए क्या कदम उठाए गए हैं? बिहार सरकार ने इस मामले में मंगलवार (2 जून) को अपना जवाब दाखिल कर दिया था.

केंद्र ने चमकी बुखार की रोकथाम के लिए उठाए कदमों की जानकारी दी
केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल अपने हलफनामे में कहा है कि मेडिकल सेवाएं राज्य सरकार का विषय हैं फिर भी केंद्र द्वारा राज्य सरकार की सहायता और मार्गदर्शन करने के लिए पर्याप्त उपाय किए गए हैं. इन उपायों में मुख्य रूप से एक्सपर्ट और मेडिकल सुविधा मुहैया कराए जाने के अलावा चमकी की रोकथाम के लिए प्रचार और प्रसार भी शामिल हैं.

हलफनामे में बताया गया है कि केंद्र सरकार की मदद से एक साल में SKMCH में 100 बिस्तर वाले बाल चिकित्सा आईसीयू का निर्माण होगा. साथ ही राज्य के कुछ जिलों में पांच वायरोलॉजी लैब बनेंगी. इसके अलावा 10 बिस्तर वाले बाल चिकित्सा आईसीयू राज्य के हर जिले में स्थापित किए जाएंगे. केंद्र सरकार ने इस घटना की जड़ तक जाने के लिए एक्सपर्ट पैनल के गठन का फैसला किया है.

दिल्ली के एक वकील ने लगाई थी याचिका
दरअसल चमकी बुखार पर दिल्ली के वकील मनोहर कुमार ने एक याचिका लगाई थी, जिसमें उन्होंने बिहार सरकार और केंद्र सरकार से चमकी बुखार की रोकथाम के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी मांगी थी. सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका पर सुनवाई करते हुए केंद्र और बिहार सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था.
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बिहार सरकार ने दिया ये जवाब
बिहार सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कल अपना हलफनामा दाखिल कर दिया था. अपने हलफनामें में बिहार सरकार ने बताया था कि राज्य में तय मानकों के आधार पर स्वास्थ्य विभाग में करीब 50 प्रतिशत कर्मियों की कमी थी, लेकिन बिहार के मुख्यमंत्री उस बीमारी की रोकथाम के लिए ज़रूरी कदम उठा रहे हैं. सुप्रीम कोर्ट अगले सप्ताह इस मामले पर सुनवाई कर सकता है.

(दिल्ली से सुशील पांडे)

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First published: July 3, 2019, 6:56 PM IST
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