10 साल से हिंदूराव अस्पताल ने नहीं ली है फायर NOC

आरटीआई के जरिए हुआ खुलासा, उत्तरी दिल्ली के सबसे बड़े अस्पताल में कई बार लग चुकी है आग, सुरक्षा उपकरणों में भी लग चुकी है जंग.

News18Hindi
Updated: August 30, 2019, 5:24 AM IST
10 साल से हिंदूराव अस्पताल ने नहीं ली है फायर NOC
हिंदूराव अस्पताल में पिछले दो सालों में कई बार आग लग चुकी है लेकिन इसके बाद भी यहां पर सुरक्षा के इंतजाम पुख्ता नहीं किए गए हैं. (फाइल फोटो)
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Updated: August 30, 2019, 5:24 AM IST
उत्तरी दिल्ली (North Delhi) के सबसे बड़े हिंदूराव अस्पताल (Hindurao hospital) को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है. चौंकाने वाले इस खुलासे में पता चला है कि यह अस्पताल पिछले 10 सालों से फायर एनओसी (Fire NOC) के बिना ही चलाया जा रहा है. इस पूरी बात में एक और बड़ी चौंकाने वाली बात यह है कि अस्पताल की इमारत के ऊपरी हिस्से में ज्वलनशील प्लास्टिक और लकड़ी से बने पोर्टेबल केबिन चलाए जा रहे हैं जो किसी भी आपात स्थिति को गंभीर बना सकते हैं. इस बात का खुलासा एक आरटीआई के जरिए हुआ है.

उपकरणों में लगी है जंग
आज तक की एक रिपोर्ट के अनुसार आरटीआई एक्टिविस्ट संजय गुप्ता ने बताया कि 2017 से आरटीआई के जरिए फायर सेफ्टी और एनओसी को लेकर जवाब मांगा जा रहा था लेकिन संतोषजनक जवाब कभी नहीं दिया गया. वहीं अब नार्थ एमसीडी के अध्यक्ष जयप्रकाश ने कहा है कि इस समस्या को जल्द ही सही कर एनओसी ले ली जाएगी. अस्पताल में देखा गया तो पता चला कि आग के दौरान प्रयोग में लिए जाने वाले सुरक्षा उपकरणों में जंग लग चुकी है और बाकि के इंतजाम भी काफी नहीं हैं. इसी के चलते अभी तक अस्पताल को फायर एनओसी नहीं मिली है.

दो सालों में कई बार लग चुकी है आग

गौरतलब है कि हिंदूराव अस्पताल में पिछले दो सालों में कई बार आग लग चुकी है लेकिन इसके बाद भी यहां पर सुरक्षा के इंतजाम पुख्ता नहीं किए गए हैं. चीफ फायर ऑफिसर अतुल गर्ग ने बताया कि कोई भी अस्पताल यदि एनओसी के लिए आवेदन करता है तो दमकल विभाग के अधिकारी मौके पर जाकर निर्धारित मानदंड की जांच कर रिपोर्ट देते हैं. जिसके बाद अस्पताल को एनओसी जारी की जाती है. यदि अस्पताल में किसी भी प्रकार की कमी पाई जाती है तो उसे सही करने के बाद ही एनओसी जारी की जाती है.

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First published: August 30, 2019, 5:24 AM IST
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