Home /News /dharm /

Bathroom Vastu Tips: बाथरूम के वास्तु दोष से खराब होती है सेहत, जानें इससे जुड़े 9 वास्तु उपाय

Bathroom Vastu Tips: बाथरूम के वास्तु दोष से खराब होती है सेहत, जानें इससे जुड़े 9 वास्तु उपाय

बाथरूम वास्तु उपाय

बाथरूम वास्तु उपाय

Bathroom Vastu Tips: आपका बाथरूम यदि घर में सही स्थान पर न हो, तो उसका सेहत पर बुरा असर पड़ता है. हालांकि इससे जुड़े वास्तु दोषों (Vastu Dosh) के निवारण के लिए भी उपाय (Tips) बताए गए हैं. आइए जानते हैं-

Bathroom Vastu Tips: वास्तुशास्त्र में घर की आवश्यकताओं के लिए निश्चित स्थान निर्धारित किया गया है, जिससे कि उसमें रहने वाले लोगों की तरक्की में कोई बाधा न हो, न ही उनकी सेहत पर कोई बुरा असर हो. हालांकि कम जगह या अन्य कारणों से घर वास्तु अनुसार नहीं बन पाते हैं, इस वजह से घर में वास्तु दोष होता है. अब आपका बाथरूम यदि घर में सही स्थान पर न हो, तो उसका सेहत पर बुरा असर पड़ता है. हालांकि इससे जुड़े वास्तु दोषों (Vastu Dosh) के निवारण के लिए भी उपाय (Tips) बताए गए हैं. आइए जानते हैं कि वास्तु अनुसार घर में बाथरूम के लिए कौन सी जगह सही है और वास्तु दोष है तो क्या उपाय हो सकता है.

घर में बाथरूम के लिए सही जगह

वास्तुशास्त्र के अनुसार, घर का उत्तर या उत्तर-पश्चिम दिशा बाथरूम के लिए सबसे सही जगह होता है. इसे घर के दक्षिण या दक्षिण पूर्व या दक्षिण पश्चिम में नहीं बनवाना चाहिए. इससे वास्तु दोष उत्पन्न होता है, जो आपकी सेहत को प्रभावित करता है. बाथरूम में टॉयलेट सीट को जमीन से दो फीट ऊंचा रखना चाहिए.

1. बाथरूम के अंदर शीशे को पूर्व या उत्तर दिशा में लगाना चाहिए. टॉयलेट के लिए पश्चिम या उत्तर—पश्चिम दिशा ठीक होता है. इलेक्ट्रिक बोर्ड को दक्षिण-पूर्व दिशा में लगाना चाहिए. इसका दरवाजा उत्तर या पूर्व में लगाना चाहिए.

यह भी पढ़ें: घर में कहां पर होना चाहिए किचन? जानें इससे जुड़े 7 वास्तु उपाय

2. यदि आपके बाथरूम का टॉयलेट दक्षिण दिशा में है, तो इससे यश और कीर्ति में हानि होती है. इससे बचने के लिए टॉयलेट सीट को दक्षिण और दक्षिण-पश्चिम दिशा के बीच में लगवा सकते हैं.

3. बाथरूम के वॉशबेसिन और शॉवर को पूर्व, उत्तर या उत्तर पूर्व में लगाना चाहिए. वॉशिंग मशीन को आप दक्षिण पूर्व या उत्तर पश्चिम दिशा में रखना चाहिए.

4. बाथटब को उत्तर, पूर्व, पश्चिम या उत्तर पूर्व दिशा में रखना चाहिए. ध्यान रहे कि बाथटब गोल या चौकोर हो. उसका रंग हल्का हो. गाढ़ा लाल या काला रंग से बचें.

5. बाथरूम का दरवाजा लकड़ी का हो तो अच्छा रहता है. दरवाजे को हमेशा बंद करके रखना चाहिए. वास्तु अनुसार दरवाजों को खुला रखने से निगेटिव एनर्जी घर में आती है, जो लोगों को सेहत को खराब कर सकती है.

6. बाथरूम के अंदर एक खिड़की होनी चाहिए, ताकि निगेटिव एनर्जी बाहर जा सके. खिड़की को पूर्व दिशा में लगाना चाहिए, नहीं तो इसे उत्तर या पश्चिम दिशा में भी लगा सकते हैं.

7. बाथरूम का रंग सफेद या क्रीम हो तो अच्छा है. इसमें हल्के रंग के टाइल्स का प्रयोग करें. इससे गंदगी दिखाई पड़ती है और सफाई भी होती है. गाढ़ा रंग निगेटिव एनर्जी को बढ़ाएगा.

यह भी पढ़ें: करियर में चाहिए कामयाबी और ऊंचा मुकाम, तो करें ये 7 आसान वास्तु उपाय

8. ध्यान रहे कि नल से हमेशा पानी नहीं टपकता रहे. ऐसा हो तो उसे तुरंत ठीक करा दें, वरना धन हानि होता है.

9. वाथरूम के वास्तु दोषों को दूर करने के लिए तांबे के एक कटोरे में नमक भरकर रख दें और उसे हर सप्ताह बदलते रहें. ऐसा करने से निगेटिव एनर्जी दूर होती है.

(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबधित विशेषज्ञ से संपर्क करें)

Tags: Lifestyle, Vastu tips

विज्ञापन
विज्ञापन

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें
विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर