Diwali 2020: कब है धनतेरस और भाई दूज, जानिए इन त्‍योहारों को मनाए जाने की तिथियां और शुभ मुहूर्त

दिवाली एक दिन का नहीं, पांच दिन का त्योहार है. Image Credit/PTI
दिवाली एक दिन का नहीं, पांच दिन का त्योहार है. Image Credit/PTI

Diwali 2020: दीयों का त्योहार दिवाली (Diwali) हिन्दू धर्म का मुख्य त्योहार है. यह त्योहार (Diwali Festival) बुराई पर अच्छाई की जीत के रूप में सम्पूर्ण भारत में हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 9, 2020, 6:06 PM IST
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Diwali 2020: रोशनी का त्योहार दिवाली हिंदू धर्म के खास त्‍योहारों में से एक है. मान्यता है कि भगवान श्री राम (Lord Shri Ram) रावण का वध करके इस दिन अयोध्या लौटे थे. उनके आने की खुशी में प्रजा ने दिवाली मनाई. दीप जला कर उनका स्‍वागत किया था. तब से ही दिवाली (Diwali Festival) मनाई जाने लगी. इस बार दिवाली का पर्व 14 नवंबर को है. आप भी जानिए धनतेरस से भाई दूज तक के पूजा के शुभ मुहूर्त और महत्वपूर्ण तिथियां.

धनतेरस
धनतेरस इस वर्ष 13 नवंबर को मनाया जाएगा. इसे दिवाली से एक दिन पहले मनाने की परंपरा रही है. धनतेरस का मुहूर्त शाम 5 बजकर, 34 मिनट से लेकर शाम 6 बजकर, 1 मिनट तक है. साथ ही इस दिन प्रदोष काल शाम 5 बजकर, 28 मिनट से लेकर रात 8 बजकर, 7 मिनट तक रहेगा. वृषभ काल मुहूर्त शाम 5 बजकर, 34 मिनट से लेकर शाम 7 बजकर, 29 मिनट तक रहेगा.

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नरक चतुर्दशी


छोटी दिवाली को नरक चतुर्दशी भी कहा जाता है. यह मुख्‍य दिवाली से एक दिन पहले मनाई जाती है. इसे नरक चौदस या रूप चौदस भी कहा जाता है. इस बार कार्तिक कृष्ण चतुर्दशी तिथि का आरंभ 13 नवंबर को शाम 5 बजकर, 59 मिनट पर होगा. यह 14 नवंबर को 2 बजकर, 18 मिनट तक रहेगी. ऐसे में यह त्यौहार 14 नवंबर को मनाया जाएगा. मान्‍यता है कि नरक चौदस के दिन घर से कबाड़ आदि निकाल देना चाहिए, ताकि दिवाली के दिन घर में मां लक्ष्‍मी का आगमन हो सके. इस दिन अभयदान का शुभ समय सुबह 5:23 से शुरू होकर 6:43 बजे तक रहेगा.

दिवाली
इस साल दिवाली का त्योहार 14 नवंबर को मनाया जाएगा. इस दिन लक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त शाम 5 बजकर, 30 मिनट से लेकर शाम 7 बजकर, 25 मिनट तक रहेगा. इसके अलावा प्रदोष काल मुहूर्त शाम 5 बजकर, 27 मिनट से लेकर रात 8 बजकर, 6 मिनट तक होगा. साथ ही वृषभ काल मुहूर्त शाम 5 बजकर, 30 मिनट से लेकर शाम 7 बजकर, 25 मिनट तक रहेगा.

गोवर्धन पूजा
गोवर्धन पूजा 15 नवंबर को होगी. हिंदू धर्म में गोवर्धन पूजा का विशेष महत्व है. मान्‍यता है कि इस दिन भगवान श्री कृष्ण ने अपनी छोटी उंगली पर गोवर्धन पर्वत को उठाकर भगवान इंद्र को पराजित किया था. गोवर्धन पूजा का सायंकाल मुहूर्त दोपहर 3 बजकर, 18 मिनट से लेकर 15:18:37 से शाम 5 बजकर, 27 मिनट तक रहेगा.

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भाई दूज
भाई दूज कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि को मनाया जाता है. भाई दूज के तिलक का समय दोपहर 1 बजकर, 10 मिनट से लेकर दोपहर 3 बजकर, 18 मिनट तक होगा. (Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य जानकारी पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.)
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