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Makar Sankranti 2022: मकर संक्रांति पर ऐसे खुश होंगी माता लक्ष्मी, धन-दौलत में होगी वृद्धि

Makar Sankranti 2022: मकर संक्रांति पर ऐसे खुश होंगी माता लक्ष्मी, धन-दौलत में होगी वृद्धि

मकर संक्रांति 2022 पर सूर्य देव, भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की कृपा पा सकते हैं. Image/shutterstock

मकर संक्रांति 2022 पर सूर्य देव, भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की कृपा पा सकते हैं. Image/shutterstock

Makar Sankranti 2022: इस साल 14 जनवरी को मकर संक्रांति का पर्व मनाया जा रहा है. मकर संक्रांति के दिन आप भगवान सूर्य, भगवान विष्णु (Lord Vishnu) और माता लक्ष्मी (Mata Lakshmi) तीनों की ही कृपा प्राप्त कर सकते हैं.

Makar Sankranti 2022: इस साल 14 जनवरी को मकर संक्रांति का पर्व मनाया जा रहा है. इस दिन स्नान के बाद सूर्य देव (Surya Dev) की आराधना होगी और दान किया जाएगा. 14 जनवरी को शुक्रवार है. इस दिन कूर्म द्वादशी भी है. इस दिन भगवान विष्णु की पूजा की जाती है. मकर संक्रांति के दिन आप भगवान सूर्य, भगवान विष्णु (Lord Vishnu) और माता लक्ष्मी (Mata Lakshmi) तीनों की ही कृपा प्राप्त कर सकते हैं. मकर संक्रांति का दिन आपके लिए उत्तम अवसर लेकर आया है. माता लक्ष्मी के आशीर्वाद से आपके घर में धन-दौलत की कमी नहीं रहेगी. आय में वृद्धि होगी और आर्थिक उन्नति के मार्ग खुलेंगे. आइए जानते हैं कि मकर संक्रांति के दिन कैसे माता लक्ष्मी को प्रसन्न कर सकते हैं?

मकर संक्रांति स्नान और दान
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मकर संक्रांति से देवताओं का दिन प्रारंभ होता है क्योंकि इस दिन से सूर्य देव दक्षिणायन से उत्तरायण होते हैं. यह दिन शुभ कार्यों के लिए अच्छा होता है. मकर संक्रांति के दिन स्नान के बाद भगवान सूर्य को काले तिल मिला जल अर्पित करें. फिर गरीब या किसी जरूरतमंद को काला तिल, रेवड़ी, तिल का लड्डू, खिचड़ी आदि का दान करें.

यह भी पढ़ें: 14 जनवरी को मना रहे हैं मकर संक्रांति, तो जानें मुहूर्त, मंत्र एवं पूजा विधि

माता लक्ष्मी और भगवान विष्णु की साथ करें पूजा
मकर संक्रांति का स्नान और दान खत्म करने के बाद शुक्रवार की आराध्य देवी माता लक्ष्मी की पूजा करें. माता लक्ष्मी और भगवान विष्णु की साथ में तस्वीर हो तो ज्यादा अच्छा है क्योंकि आज कूर्म द्वादशी को भगवान विष्णु के कूर्म स्वरुप की पूजा करते हैं. एक साथ वाली तस्वीर से आप दोनों की पूजा साथ ही कर लेंगे.

कनकधारा स्तोत्र का पाठ
माता लक्ष्मी को लाल गुलाब या कमल का फूल, अक्षत्, कमलगट्टा, धूप, ​दीप, गंध आदि अर्पित करें. साथ ही भगवान विष्णु को फूल, अक्षत्, चंदन, धूप, दीप आदि चढ़ाएं. अब माता लक्ष्मी के कनकधारा स्तोत्र का पाठ करें. इस स्तोत्र से आदिगुरु शंकराचार्य ने माता लक्ष्मी को प्रसन्न किया था. जिससे माता लक्ष्मी में गरीब बुढ़िया का घर धन दौलत से भर दिया था. आप आज पूरे मन से कनकधरा स्तोत्र का पाठ करें.

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इसके पश्चात भगवान विष्णु के मंत्रों का जाप करें. फिर माता लक्ष्मी और विष्णु जी की क्रमश: आरती करें. दोनों ही एक दूसरे के पूरक हैं. दोनों की कृपा से आपकी सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाएंगी.

इस प्रकार से आप मकर संक्रांति के अवसर पर सूर्य देव, भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी का आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं. मकर संक्रांति का दिन धार्मिक क्रियाकलापों के लिए अच्छा होता है.

(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबधित विशेषज्ञ से संपर्क करें)

Tags: Dharma Aastha, Makar Sankranti

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