होम /न्यूज /धर्म /Samudrika Shastra: ललाट की रेखाएं खोलती हैं धन, सेहत और सौभाग्य का राज, इस तरह करें पहचान

Samudrika Shastra: ललाट की रेखाएं खोलती हैं धन, सेहत और सौभाग्य का राज, इस तरह करें पहचान

माथे की रेखाएं भी इंसान के स्वभाव और भविष्य के बारे में बताती हैं.

माथे की रेखाएं भी इंसान के स्वभाव और भविष्य के बारे में बताती हैं.

हथेली की रेखाओं के अलावा पैरों की बनावट, उंगलियों की बनावट और माथे पर ललाट की रेखाएं भी इंसान के स्वभाव और भविष्य के बा ...अधिक पढ़ें

हाइलाइट्स

इंसान के माथे के आकार और रेखाएं उसके व्यक्तित्व से जुड़े कई राज खोलती हैं.
समुद्रशास्त्र में इस बारे में बताया गया है.

Samudrika Shastra: हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, इंसान के शारीरिक अंगों से भी उसके आचरण, हाव-भाव और भविष्य के बारे में बताया जा सकता है. हथेली की रेखाओं के अलावा पैरों की बनावट, उंगलियों की बनावट और माथे पर ललाट की रेखाएं भी इंसान के स्वभाव और भविष्य के बारे में बताती हैं. पंड़ित इंद्रमणि घनस्याल बताते हैं कि समुद्रशास्त्र में इंसान के माथे के आकार और रेखाएं उसके व्यक्तित्व से जुड़े कई राज खोलती हैं. माथे की लकीरों से यह भी बताया जा सकता है कि वह कितना भाग्यशाली है. आइये जानते हैं माथे पर ललाट की रेखाओं से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण बातें.

माथे पर पड़ने वाली लकीरों का राज
-शास्त्रों के अनुसार, व्यक्ति के माथे की पहली लकीर भौंह के निकट होती है. इस लकीर का संबंध धन से होता है. इसे धन की रेखा भी कहा जाता है. माथे पर धन की रेखा जितनी स्पष्ट और गहरी होगी, वह व्यक्ति उतना ही धनवान होता है, जबकि हल्की रेखा होने पर व्यक्ति को जीवन में आर्थिक संकट से गुजरना पड़ सकता है.

-माथे की दूसरी रेखा स्वास्थ्य से जुड़ी होती है. यह पहली रेखा के पास स्थिति होती है. दूसरी रेखा जितनी साफ, गहरी और स्पष्ट होगी, उस व्यक्ति का स्वास्थ्य उतना ही अच्छा रहता है. इसके विपरीत पतली और हल्की लकीर होने पर व्यक्ति को स्वास्थ्य संबंधित परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है.

यह भी पढ़ेंः Vastu Tips: इस दिशा में लगाएं बैम्बू प्लांट, धन और खुशियों का होगा आगमन

यह भी पढ़ेंः दरिद्रता को दूर करता है कबूतर का पंख, घर आने के साथ लाता है कोई शुभ संकेत!

-माथे की तीसरी रेखा भाग्य लकीर होती है. यह बहुत ही कम लोगों के माथे पर होती है. जिस व्यक्ति के माथे पर यह रेखा होती है, वह भाग्यशाली होता है. उसके जीवन में हमेशा सुख और समृद्धि रहती है.

-माथे की चौथी रेखा जीवन से संबंधित होती है. यह जीवन के उतार-चढ़ाव के बारे में बताती है. ऐसे व्यक्ति को सफलता आसानी से मिल जाती है.

-माथे की पांचवीं रेखा तनाव और चिंता को दर्शाती है. यह रेखा होना अच्छा नहीं माना जाता है. इस रेखा वाले व्यक्ति अपने जीवन से तंग रहते हैं. जीवन में बहुत सी परेशानियों का सामना करते हैं.

Tags: Dharma Aastha, Dharma Culture, Religion

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें