होम /न्यूज /धर्म /Navratri 2022: हिंदू धर्म में नवरात्रि का क्या है महत्व? यहां जानिए

Navratri 2022: हिंदू धर्म में नवरात्रि का क्या है महत्व? यहां जानिए

हिंदू धर्म में नवरात्रि का बहुत महत्व है. Image-Canva

हिंदू धर्म में नवरात्रि का बहुत महत्व है. Image-Canva

Navratri 2022: आज से नवरात्रि की शुरुआत हो चुकी है और इसे पूरे भारत में धूमधाम से मनाया जा रहा है. आइए जानते हैं नवरात् ...अधिक पढ़ें

  • News18Hindi
  • Last Updated :

हाइलाइट्स

इस साल 5 अक्टूबर तक नवरात्रि का पर्व चलेगा.
मां दुर्गा का हर रूप एक अलग मतलब रखता है

Navratri 2022 : कल से नवरात्रि शुरू होने जा रहे हैं और देश के अलग-अलग कोनों में यह त्योहार बहुत अनोखे तरीके से मनाया जाता है. चाहे गुजरात का गरबा हो या बंगाल के पंडाल चारों ओर इस त्योहार के दौरान रौनक सी छा जाती है. वैसे भी इस बार खुल कर 2 साल के बाद दोबारा से यह उत्सव धूम धाम से मनाने का मौका मिल रहा है. इस बार हर व्यक्ति नाच गाने और नए-नए रंग बिरंगे कपड़ों को पहन कर इस त्योहार को मनाने के लिए तैयार है.

आज से शुरू हो चुका नवरात्रि का पर्व 5 अक्टूबर तक चलेगा और 5 अक्टूबर दशहरे के साथ संपन्न होगा.

क्या है नवरात्रि का महत्व?

पंडित सुरेश शास्त्री के मुताबिक नवरात्रि का मतलब ही नौ रात होती है. नौ दिन माता रानी के अलग- अलग स्वरूपों की पूजा के लिए मनाए जाते हैं. मां दुर्गा का हर रूप एक अलग मतलब रखता है और इन नौ के नौ रूप का अर्थ है शक्ति और मजबूती. ऐसा माना जाता है कि महिषासुर ने छल से ब्रह्मा देव से अमर होने का वरदान पा लिया था. इसके बाद वह जब सबको परेशान करने लगा तो सारे देवता उसे हराने में असक्षम हो गए. ब्रह्मा जी ने उसे वरदान देते समय यह भी कहा था कि यह केवल एक महिला द्वारा ही हराया जायेगा. इसकी शक्ति पर नियंत्रण पाने के लिए ब्रह्मा, विष्णु और महेश ने मां दुर्गा को मनाया. 15 दिन के युद्ध के बाद मां दुर्गा ने भगवान शिव द्वारा दिए गए हथियार से महिषासुर को मार गिराया.


  • पहला नवरात्र शैलपुत्री मां का होता है. यह शांति और शक्ति की देवी होती हैं.
  • दूसरा दिन ब्रह्मचारिणी देवी का होता है. यह ऊर्जा और शांति का प्रतीक होती हैं.
  • तीसरा दिन चंद्रघंटा मां का होता है और यह बहादुरी और सुंदरता के लिए जानी जाती हैं.
  • चौथा दिन कुष्मांडा का होता है और यह पृथ्वी पर हरियाली का प्रतीक मानी जाती हैं.
  • पांचवा दिन सकंदमाता का होता है और यह शक्ति और मां की ममता को दर्शाती हैं.
  • छठा दिन कात्यायनी का होता है और यह अपनी बहादुरी के लिए जानी जाती हैं.
  • सांतवा दिन कालरात्रि का होता है और यह अपने भक्तों को बुरी शक्तियों से बचाती है.
  • अष्टमी का दिन महागौरी का होता है जो आशावाद और सकारात्मकता फैलाती है.
  • नौवां दिन सिद्धिदात्री का होता है और वह प्रकृति की सुंदरता को दर्शाती हैं.

ये भी पढ़ेंः मां दुर्गा के 9 अवतार कौन से हैं? जानें उनके नाम और महत्व

ये भी पढ़ेंः हर साल क्यों मनाते हैं दशहरा? जानें इस त्योहार का पौराणिक महत्व

Tags: Dharma Aastha, Navratri, Navratri festival, Religion

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें