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College Education: कॉलेज में फर्स्ट ईयर के छात्रों ने बड़ी संख्या में बदले सब्जेक्ट, 85000 छात्रों ने किए विषय परिवर्तन

College Education: कॉलेज में फर्स्ट ईयर के छात्रों ने बड़ी संख्या में बदले सब्जेक्ट, 85000 छात्रों ने किए विषय परिवर्तन

कॉलेज छात्रों से जुड़ी बड़ी खबर

कॉलेज छात्रों से जुड़ी बड़ी खबर

College Education: कॉलेज में यूजी फर्स्ट ईयर में एडमिशन लेने वाले छात्र-छात्राओं में सबसे ज्यादा विषय परिवर्तन देखने को मिल रहा है. करीब 85,000 छात्रों ने पहले सब्जेक्ट को लेकर बाद में अपने विषय में बदलाव किया है. इनमें सबसे ज्यादा 40 फ़ीसदी स्टूडेंट्स आर्ट सब्जेक्ट के हैं. जिन्होंने अपना विषय बदला है. मैथ्स के 30 फ़ीसदी, कॉमर्स के 20 फ़ीसदी छात्र-छात्राओं ने अपने सब्जेक्ट में परिवर्तन किया है.

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भोपाल. College Education: मध्यप्रदेश में एक तरफ जहां कॉलेजों में छात्र-छात्राओं की संख्या बढ़ी है, तो वहीं दूसरी तरफ छात्र-छात्राएं विषय परिवर्तन कराने में भी आगे रहे हैं. अब तक करीब 85,000 से ज्यादा छात्र छात्राओं ने पहला सब्जेक्ट लेने के बाद अपने विषय में बदलाव किया है. छात्रों के विषय परिवर्तन की मांग को देखते हुए उच्च शिक्षा विभाग ने विषय परिवर्तन के लिए छात्र छात्राओं को समय दिया है. उच्च शिक्षा विभाग ने 25 नवंबर तक विषय परिवर्तन के लिए तारीख बढ़ा दी है. छात्र 25 नवंबर तक मेजर, माइनर और वैकल्पिक विषयों में परिवर्तन करवा सकते हैं.

कॉलेज में यूजी फर्स्ट ईयर में एडमिशन लेने वाले छात्र-छात्राओं में सबसे ज्यादा विषय परिवर्तन देखने को मिल रहा है. करीब 85,000 छात्रों ने पहले सब्जेक्ट को लेकर बाद में अपने विषय में बदलाव किया है. इनमें सबसे ज्यादा 40 फ़ीसदी स्टूडेंट्स आर्ट सब्जेक्ट के हैं. जिन्होंने अपना विषय बदला है. मैथ्स के 30 फ़ीसदी, कॉमर्स के 20 फ़ीसदी छात्र-छात्राओं ने अपने सब्जेक्ट में परिवर्तन किया है. यह सभी ऐसे छात्र हैं जिन्होंने अपने चुने हुए विषय को पसंद नहीं आने पर बदलाव किया है या छात्र-छात्राएं पहले सब्जेक्ट के मुकाबले बेहतर विषय का चुनाव करना चाहते हैं. इसी को देखते हुए उच्च शिक्षा विभाग ने छात्र-छात्राओं को एक आखरी मौका दिया है.

नई शिक्षा नीति के तहत अन्य विषयों का है ऑप्शन
राष्ट्रीय शिक्षा नीति में भी छात्र छात्राओं को दूसरा सब्जेक्ट चुनने के ऑप्शन हैं. राष्ट्रीय शिक्षा नीति में इसलिए विकल्प दिया गया है ताकि छात्र छात्राओं को मूल विषयों के अलावा अन्य विषयों का भी ज्ञान हो सके. पहली बार छात्रों ने इन विषयों का चयन किया था बाद में पसंद ना आने पर दूसरे सब्जेक्ट का चयन किया था. विषय परिवर्तन कराने की छात्रों की बड़ी संख्या को देखते हुए उच्च शिक्षा विभाग ने छात्रों को पहली बार मेजर, माइनर और वैकल्पिक विषयों में विषय परिवर्तन कराने के लिए समय दिया है.

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कॉमर्स साइंस और आर्ट्स संकाय का हर विषय मेजर विषय है. यदि कोई छात्र मेजर विषय के रूप में इकोनॉमिक्स या अन्य किसी विषय का चयन करता है, तो छात्र छात्राओं को उसके दोनों पेपर पढ़ने होंगे. जबकि माइनर लेने पर केवल दूसरे प्रश्नपत्र का सिलेबस ही छात्र-छात्राओं को पढ़ना होगा. माइनर में पहले प्रश्न पत्र के सिलेबस को नहीं पढ़ना होगा. छात्र अपनी रूचि के हिसाब से इस में परिवर्तन करवा सकेंगे.

Tags: College education, Education news, Mp news

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