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PhD: बायोफिजिक्स में पीएचडी करने के बाद कैसा होगा करियर, जानिए कितनी मिलेगी सैलरी

PhD: बायोफिजिक्स में पीएचडी करने के बाद करियर के कई रास्ते खुलते हैं.

PhD: बायोफिजिक्स में पीएचडी करने के बाद करियर के कई रास्ते खुलते हैं.

PhD इन बायोफिजिक्स कुल 3 साल की अवधि वाला डेक्टरेट लेवल का फुल-टाइम कोर्स है. बायोफिजिक्स में पीएचडी एक बेहतरीन तरह से ...अधिक पढ़ें

हाइलाइट्स

कैंडिडेट्स के पास मटेरियल साइंस या उससे जुड़े सब्जेक्ट्स में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री होनी ज़रूरी है.
कैंडिडेट को पीएचडी इन मटेरियल साइंस में एडमिशन लेने के लिए एंट्रेंस एग्जाम क्लियर करना होगा.
क्रेडिट कार्ड या डेबिट कार्ड से ऑनलाइन फॉर्म की पेमेंट आसानी से कर सकते हैं

नई दिल्लीः पीएचडी इन बायोफिजिक्स कुल 3 साल की अवधि वाला डेक्टरेट लेवल का फुल-टाइम कोर्स है. बायोफिजिक्स में पीएचडी एक बेहतरीन तरह से डिजाइन किया हुआ कोर्स है जो कैंडिडेट्स को अनुशासन के हर पहलू के बारे में जागरूकता पैदा करने के लिए उन्हें एक अच्छे स्तर पर ज्ञान प्रदान करता है. यह फील्ड जैविक समस्याओं की जांच की दिशा में भौतिकी के सिद्धांतों और विधियों को बढ़ावा देने का भी काम करता है.

एलिजिबिलिटी
1. कैंडिडेट्स के पास मटेरियल साइंस या उससे जुड़े सब्जेक्ट्स में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री होनी ज़रूरी है.
2. पीएचडी मटेरियल साइंस में एडमिशन लेने के लिए कैंडिडेट्स के पास मास्टर डिग्री में कम से कम 55% मार्क्स हासिल करने ज़रूरी हैं.
3. आरक्षित वर्ग के कैंडिडेट्स को 5% मार्क्स की छूट मिलती है.
4. कैंडिडेट्स को एंट्रेंस एग्जाम में भी यूनिवर्सिटी के मानकों तक स्कोर करना होता है, जो या तो यूनिवर्सिटी द्वारा खुद या यूजीसी-नेट जैसी राष्ट्रीय परीक्षा तय करती हैं.
5. कैंडिडेट्स के पास बायोटेक्नोलॉजिक्ल इंडस्ट्री/ रिसर्च लैब में कम से कम 1 साल से ज्यादा का वर्क एक्सपीरयंस होना चाहिए.

एडमिशन प्रोसेस
1: रजिस्ट्रेशन
1. कैंडिडेट्स को ऑफिशयल वेबसाइट पर जाना होगा.
2. ऑफिशयल वेबसाइट पर जाने के बाद एप्लीकेशन फॉर्म भरें.
3. एप्लीकेशन फॉर्म भरने के बाद उससे अच्छी तरह चेक कर लें.
4. एप्लीकेशन फॉर्म सबमिट करदें.
5. क्रेडिट कार्ड या डेबिट कार्ड से ऑनलाइन फॉर्म की पेमेंट आसानी से कर सकते हैं.

2: एंट्रेंस एग्जाम
1. कैंडिडेट को पीएचडी इन बायोफिजक्स  में एडमिशन लेने के लिए एंट्रेंस एग्जाम क्लियर करना होगा. जिसके लिए रजिस्ट्रेशन प्रोसेस पूरा हो जाने के बाद एडमिट कार्ड जारी किया जाता है.
2. पीएचडी इन बायोफिजिक्स  के लिए एडमिशन प्रोसेस यूजीसी- नेट, सीएसआईआर-यूजीसी नेट, गेट आदि जैसे एंट्रेंस एग्जाम पर ही पूरी तरह से निर्भर करता है. एलिजिबल कैंडिडेट्स को इंटरव्यू के आधार पर चुना जाता है.

यहां से करें कोर्स
1. अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, नई दिल्ली- फीस 2,000
2. राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य और तंत्रिका विज्ञान संस्थान, बैंगलोर- फीस 25,000
3. बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, वाराणसी- फीस 8,368
4. दिल्ली विश्वविद्यालय, नई दिल्ली- फीस 20,000
5. मद्रास विश्वविद्यालय, चेन्नई- फीस 10,000
6. पंजाब विश्वविद्यालय, चंडीगढ़- फीस 1800
7. चंडीगढ़ विश्वविद्यालय, चंडीगढ़- फीस 50,000
8. असम विश्वविद्यालय, सिलचर- फीस 18,000
9. कल्याणी विश्वविद्यालय- फीस 15,000
10. साहा परमाणु भौतिकी संस्थान, कोलकाता- फीस 10,000

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कोर्स के बाद क्या होगी जॉब प्रोफाइल और सैलरी पैकेज
1. बायोफिजिसिस्ट- सैलरी 6,00,000
2. मेडिकल बायोफिजिस्ट- सैलरी 5,60,000
3. रिसर्च- सैलरी 6,20,000
4. एप्लाइड बायोफिजिस्ट- सैलरी 5,00,000
5. क्वालिटी कंट्रोल लीड- सैलरी 4,30,000
6. रिजिनल हेड- सैलरी 8,00,000
7. चीफ ऑफ ऑपरेशन- सैलरी 8,50,000
8. प्रोसेस डेवलेपर- सैलरी 7,00,000
9. प्रोसेसर- सैलरी 6,50,000

Tags: Career, Career Guidance, Education news

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