होम /न्यूज /education /MBBS in Hindi: देश के इस विश्वविद्यालय में हिंदी में होगी MBBS की पढ़ाई, अमित शाह ने मातृभाषा को लेकर कही ये बात 

MBBS in Hindi: देश के इस विश्वविद्यालय में हिंदी में होगी MBBS की पढ़ाई, अमित शाह ने मातृभाषा को लेकर कही ये बात 

MBBS in Hindi: इस विश्वविद्यालय में MBBS की पढ़ाई हिंदी में होगी.

MBBS in Hindi: इस विश्वविद्यालय में MBBS की पढ़ाई हिंदी में होगी.

MBBS in Hindi: अमित शाह ने कहा कि NEP ने मातृभाषा को प्रोत्साहित किया है क्योंकि जब कोई छात्र अपनी मातृभाषा में सोचता ह ...अधिक पढ़ें

  • News18Hindi
  • Last Updated :

MBBS in Hindi: भारत में पहली बार MBBS की पढ़ाई हिंदी में शुरू होने जा रही है. केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने घोषणा की है कि इस साल 16 अक्टूबर से छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय (Atal Bihari Vajpayee Vishwavidyalaya) हिंदी में MBBS की पढ़ाई शुरू करेगा. उन्होंने मातृभाषा में तकनीकी पाठ्यक्रमों को बढ़ावा देने वाली राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 का भी जिक्र किया.

मंगलवार को गांधीनगर के लेकावाड़ा में गुजरात टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी (GTU) के नए परिसर के शिलान्यास समारोह में शाह (Amit Shah) ने कहा, “NEP ने मातृभाषा को प्रोत्साहित किया है क्योंकि जब कोई छात्र अपनी मातृभाषा में सोचता है, तो वह बेहतर समझ और शोध कर सकता है. कुछ लोगों को यह अजीब लग सकता है लेकिन मैं यह दोहराना चाहता हूं कि जब छात्र अपनी मातृभाषा में सोचते हैं, बात करते हैं और अध्ययन करते हैं, तो वह रटने की तुलना में बेहतर शोध कर सकते हैं. यही वजह है कि 16 अक्टूबर से अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय (Atal Bihari Vajpayee Vishwavidyalaya) MBBS कोर्स का पूरा पहला सेमेस्टर हिंदी में पढ़ाएगा.

NEP के लाभों को सूचीबद्ध करते हुए शाह ने कहा, “राष्ट्रीय शिक्षा नीति सिर्फ एक किताब नहीं है, बल्कि एक पुस्तकालय है … भारतीय भाषा, कला और संस्कृति को प्राथमिकता दी गई है. मोदी जी ने प्रौद्योगिकी के माध्यम से लोगों के जीवन स्तर को सुधारने की पहल की है. भारतीय अर्थव्यवस्था के बारे में बात करते हुए शाह ने कहा कि जब नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री बने तो भारत की अर्थव्यवस्था दुनिया में 11वें नंबर पर थी, जबकि अब यह दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है.

इसके अलावा मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने कहा कि पहले गुजरात के युवाओं को ज्यादा फीस देकर इंजीनियरिंग या मेडिसिन की पढ़ाई के लिए दूसरे राज्यों में जाना पड़ता था. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस स्थिति को बदल दिया और राज्य में अब 102 विश्वविद्यालय काम कर रहे हैं.

ये भी पढ़ें…
ITBP में इन पदों पर आवेदन करने की कल है आखिरी डेट, जल्द करें अप्लाई
CGPSC ने जारी किया चपरासी भर्ती परीक्षा की आंसर की, ऐसे करें डाउनलोड

Tags: Amit shah, MBBS

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें