MP Board 10th Result: रिजल्‍ट से नाखुश दिखे छात्र, ज्‍यादातर स्‍टूडेंट ने कहा- सफल नहीं हुई मेहनत

MPBSE 10th Result 2021: एमपी बोर्ड 10वीं में 3 लाख से अधिक स्टूडेंट्स फर्स्ट डिवीजन से हुए पास.

MP Board 10th Result 2021: कक्षा 10वीं के छात्र छात्राओं का कहना है कि इस तरह के रिजल्ट से खुशी नहीं हो रही है. क्योंकि मेहनत पूरी तरह से सफल नहीं हुई है.

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MP Board 10th Result: कक्षा 10वीं का रिजल्ट स्कूल शिक्षा मंत्री इन्दर सिंह परमार ने सिंगल क्लिक से घोषित किया. कक्षा दसवीं में एक भी छात्र छात्राओं के फेल ना होने से रिजल्ट 100 फ़ीसदी रहा. रिजल्ट के पैटर्न से कक्षा दसवीं के छात्र छात्राएं संतुष्ट नहीं दिखे. छात्र छात्राओं ने कहा कि इस तरह के रिजल्ट के पैटर्न से टॉपर स्टूडेंट और नॉर्मल स्टूडेंट में किसी तरह का कोई अंतर नहीं रहा.

कक्षा 10वीं के रिजल्ट पैटर्न से नाखुश दिखे स्टूडेंट 

कक्षा दसवीं का रिजल्ट आज घोषित हुआ है. छात्र-छात्राएं रिजल्ट से उत्साहित नजर नहीं आए. छात्र-छात्राओं के खुश ना होने का एक कारण आंतरिक मूल्यांकन से रिजल्ट तैयार होना था. कक्षा 10वीं के छात्र छात्राओं का कहना है कि इस तरह के रिजल्ट से खुशी नहीं हो रही है. क्योंकि मेहनत पूरी तरह से सफल नहीं हुई है. सभी स्टूडेंट्स टॉपर हो या एब्रेज़(नार्मल)स्टूडेंट्स सभी एक ही बराबर रहे.

आंतरिक मूल्यांकन से टॉपर और एब्रेज़( नार्मल )स्टूडेंट्स बराबर

कक्षा 10वीं के छात्र-छात्राओं का कहना है कि थोड़ी सी खुशी भी है तो थोड़ा सा उदासी भी है. कक्षा दसवीं की परीक्षाएं आयोजित होती तो मेरिट लिस्ट जारी होती. टॉप टेन में आने की खुशी भी रहती. 90% से ज्यादा परसेंटेज आते तो लगता पढ़ाई सफल हो गयी है. अब इस तरह के रिजल्ट का कोई मतलब नहीं लग रहा.  बेहतर परसेंटेज होने से कक्षा दसवीं की मार्कशीट बेहद महत्वपूर्ण होती है लेकिन इस बार आंतरिक मूल्यांकन से कक्षा 10वीं की मार्कशीट की इतनी वैल्यू नहीं रह गई है.

रिजल्ट से नाखुश कक्षा 10वीं के कुछ छात्र छात्राओं का कहना है कि स्कूल शिक्षा विभाग ने विशेष परीक्षा देने का जो मौका दिया है उसमें शामिल होंगे. कक्षा दसवीं की मार्कशीट आगे बहुत इंपॉर्टेंट होती है इस वजह से विशेष परीक्षा में शामिल होकर अंको को सुधारने की कोशिश करेंगे. तो वहीं कुछ छात्रों का कहना है कि इस बार जिस तरीके का रिजल्ट तैयार हुआ है उसी के साथ आगे बढ़ेंगे क्योंकि सितंबर के महीने में होने वाली विशेष परीक्षा में शामिल होते है तो रिजल्ट अक्टूबर या नवंबर के महीने में घोषित होगा. जैसे अभी  दसवीं की पढ़ाई तो प्रभावित हुई है कक्षा ग्यारहवीं की भी पढ़ाई प्रभावित होगी. कक्षा ग्यारहवीं के परसेंटेज को सुधारने के लिए अब विशेष परीक्षा देने का कोई मतलब नहीं रहेगा.

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