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Delhi schools reopening: 'किसी भी बच्चे को स्कूल आने के लिए मजबूर नहीं किया जाएगा'

Delhi schools reopening: 'किसी भी बच्चे को स्कूल आने के लिए मजबूर नहीं किया जाएगा'

जो बच्चे स्कूल नहीं आना चाहते हैं उनके लिए ऑनलाइन क्लासेज का विकल्प अभी जारी रहेगा. (फाइल फोटो)

जो बच्चे स्कूल नहीं आना चाहते हैं उनके लिए ऑनलाइन क्लासेज का विकल्प अभी जारी रहेगा. (फाइल फोटो)

दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) की बैठक में यह फैसला लिया गया. डीडीएमए द्वारा गठित एक समिति ने इस सप्ताह की शुरुआत में अपनी रिपोर्ट सौंपी थी जिसमें राष्ट्रीय राजधानी में स्कूलों को चरणबद्ध तरीके से फिर से खोलने की सिफारिश की गई थी.

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    नई दिल्ली. Delhi schools reopening: दिल्ली सरकार ने 27 अगस्त को घोषणा की कि कोविड-19 महामारी के मद्देनजर लंबे समय तक बंद रहने के बाद राष्ट्रीय राजधानी में कक्षा 9-12 के लिए स्कूल, कॉलेज और कोचिंग संस्थान एक सितंबर से फिर से खुलेंगे. इस संबंध में फैसला दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) की एक बैठक में लिया गया. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट किया, कोरोना के कम होते मामलों के बीच पूरे एहतियात के साथ दिल्ली में अब धीरे-धीरे स्कूलों को खोला जा रहा है ताकि बच्चों की पढ़ाई के नुकसान को कम किया जा सके. हमें ज़िन्दगी को वापस पटरी पर भी लाना है और बच्चों की सेहत और पढ़ाई, दोनों का ध्यान भी रखना है.

    उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि शिक्षण और सीखने की गतिविधियां मिश्रित तरीके से संचालित होती रहेंगी. उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन के दौरान कहा, किसी भी बच्चे को कक्षाओं में भौतिक रूप से उपस्थित होने के लिए मजबूर नहीं किया जाएगा और कोई अनिवार्य उपस्थिति नहीं होगी. छात्रों को कक्षाओं में भौतिक रूप से शामिल होने के लिए माता-पिता की सहमति आवश्यक होगी.

    सिसोदिया ने हालांकि कहा कि जूनियर कक्षाओं के लिए स्कूल खोलने के बारे में अभी कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है और सीनियर कक्षाओं के लिए स्कूलों को फिर से खोलने के प्रभाव का विश्लेषण करने के बाद निर्णय लिया जाएगा. वहीं सूत्रों ने संकेत दिया कि कक्षा छह से आठ के लिए स्कूल आठ सितम्बर से खुल सकते हैं.

    राष्ट्रीय राजधानी में स्कूलों को पिछले साल मार्च में कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए देशव्यापी लॉकडाउन से पहले बंद करने का आदेश दिया गया था. कई राज्यों ने पिछले साल अक्टूबर से स्कूलों को आंशिक रूप से फिर से खोलना शुरू कर दिया था, दिल्ली सरकार ने जनवरी में केवल कक्षा 9 से 12 के लिए स्कूल फिर से खोलने की अनुमति दी थी.

    डीडीएमए समिति द्वारा अनुशंसित एसओपी में भीड़ से बचने के लिए अलग प्रवेश और निकास, कक्षा में बैठने की क्षमता के 50 प्रतिशत छात्रों को बुलाना, सफाई और स्वच्छता की सुविधा में वृद्धि, पृथकवास कक्ष की उपलब्धता और नियमित आधार पर छात्रों एवं कर्मचारियों के नमूने जांच के लिए लेना शामिल है.

    कर्मचारियों के टीकाकरण का निर्देश
    दिल्ली सरकार ने निजी सहायता प्राप्त और गैर-सहायता प्राप्त स्कूलों को निर्देश दिया है कि वे एक सितंबर से कक्षा नौंवीं से 12वीं के लिए स्कूलों को फिर से खुलने से पहले अपने शिक्षकों और कर्मचारियों का टीकाकरण कराएं.

    दिल्ली सरकार के शिक्षा विभाग ने इस संबंध में एक परिपत्र जारी किया. यहां कोविड-19 की स्थिति में उल्लेखनीय सुधार के बाद, दिल्ली सरकार ने शुक्रवार को घोषणा की कि कक्षा नौंवीं से 12वीं तक के स्कूल, कॉलेज और कोचिंग संस्थान एक सितंबर से फिर से खुलेंगे.

    उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि छोटी कक्षाओं के संबंध में अंतिम निर्णय लिया जाना बाकी है. साथ ही कहा कि वरिष्ठ कक्षाओं के लिए स्कूलों को फिर से खोलने के प्रभाव का विश्लेषण करने के बाद इस संबंध में फैसला किया जाएगा. हालांकि, सूत्रों ने संकेत दिया है कि छठी से आठवीं कक्षा के लिए स्कूलों को आठ सितंबर से फिर से खोला जा सकता है.

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    Tags: School

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