प्रवासियों के लिए काम के बाद फिल्ममेकर ने माना नायक, मिलने लगे हीरो के रोल: सोनू सूद

एक्टर सोनू सूद.

एक्टर सोनू सूद.

सोनू सूद (Sonu Sood) का कहना है कि लॉकडाउन के दौरान प्रवासियों के लिए काम करने के बाद फिल्म निर्माता अपनी फिल्मों में ‍उन्हें नायक के रोल दे रहे हैं. सूद ने बताया कि कैसे 2020 ने उनके पर्सनल और प्रोफेशनल लाइफ को, विशेषकर एक्टर के तौर पर उनकी इमेज को बदल कर रख दिया है.

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  • Last Updated: December 19, 2020, 10:40 PM IST
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मुंबई. बॉलीवुड एक्टर सोनू सूद (Sonu Sood) का कहना है कि लॉकडाउन के दौरान प्रवासियों के लिए काम करने के बाद फिल्म निर्माता अब अपनी फिल्मों में ‍उन्हें नायक के रोल दे रहे हैं. शुक्रवार को ‘वी द वुमेन (We the Women)’ के ऑनलाइन सेशन में सूद ने यह खुलासा किया कि कैसे 2020 ने उनके पर्सनल और प्रोफेशनल लाइफ को, विशेषकर एक एक्टर के तौर पर उनकी इमेज को बदल कर रख दिया है.

सूद ने इसके पहले ‘सिंबा’, ‘आर..राजकुमार’ और अरुंधति जैसी फिल्मों में खलनायकों की भूमिका की है. एक्टर ने कहा, ‘अब मुझे हर तरह के रोल मिल रहे हैं. मुझे चार-पांच बेहतरीन स्क्रिप्ट मिली हैं. आशा करता हूं... यह एक नई शुरुआत है और इसमें बहुत मजा आएगा.’

लॉकडाउन के दौरान सूद ने देश के विभिन्न हिस्सों से आकर मुंबई में फंसे प्रवासी कामगारों को उनके परिवार से मिलाने में मदद करने के लिए एक पहल शुरू की थी. उन्होंने और उनकी टीम ने श्रमिकों से जुड़ने के लिए एक टोल-फ्री नंबर और एक व्हाट्सएप हेल्पलाइन शुरू की और फिर प्रवासियों के लिए परिवहन के तौर पर बसों, ट्रेनों और यहां तक कि चार्टर्ड विमानों के साथ-साथ भोजन की भी व्यवस्था की थी.

सूद ने शुक्रवार को कहा कि तीन नए कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसानों की दुर्दशा देखकर उन्हें बहुत दुख हो रहा है. इसके साथ ही उन्होंने उनकी समस्याओं के समाधान की उम्मीद जताई. हरियाणा, पंजाब और अन्य राज्यों के हजारों किसान दिल्ली की सीमा पर नए कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं, उन्हें डर है कि इससे न्यूनतम समर्थन मूल्य प्रणाली समाप्त हो जाएगी और उनपर बड़े कॉर्पोरेट का नियंत्रण हो जाएगा.
इस साल कोरोना वायरस महामारी के दौरान प्रवासी श्रमिकों की मदद करने के प्रयासों के लिए सोनू सूद की खूब सराहना की गई थी. अभिनेता ने कहा कि वह इस बहस में नहीं पड़ना चाहते कि कौन सही है या कौन गलत, बल्कि वह केवल यह चाहते हैं कि किसानों की समस्याओं का समय पर समाधान हो.
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