राजद्रोह केस: कंगना रनौत और रंगोली चंदेल ने मुंबई पुलिस को दर्ज कराया अपना बयान

अपनी बहन रंगोली चंदेल के साथ कंगना रनौत.

अपनी बहन रंगोली चंदेल के साथ कंगना रनौत.

सीआरपीएफ जवानों की ‘वाई प्लस’ सुरक्षा प्राप्त कंगना रनौत (Kangana Ranaut) मुंबई के उपनगर स्थित पुलिस थाने में वकील के साथ दोपहर करीब 1 बजे पहुंचीं. कंगना रनौत और उनकी बहन रंगोली चंदेल (Rangoli Chandel) करीब दो घंटे तक थाने में रहीं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 8, 2021, 10:41 PM IST
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मुंबई. बालीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत (Kangana Ranaut) ने अपनी बहन रंगोली चंदेल (Rangoli Chandel) के साथ शुक्रवार को यहां के बांद्रा पुलिस थाने में राजद्रोह और सांप्रदायिक द्वेष फैलाने के मामले में अपना बयान दर्ज करवाया. इससे पहले उन्होंने वीडियो जारी कर दावा किया कि उन्हें अपने विचार प्रकट करने की वजह से निशाना बनाया जा रहा है.

सीआरपीएफ जवानों की ‘वाई प्लस’ श्रेणी सुरक्षा प्राप्त कंगना मुंबई के उपनगर स्थित पुलिस थाने में अपने वकील के साथ दोपहर करीब एक बजे पहुंचीं. उस समय वहां मीडिया का भारी जमावड़ा था. कंगना रनौत और उनकी बहन करीब दो घंटे तक पुलिस थाने में रहीं. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि मजिस्ट्रेट अदालत में अगली सुनवाई के बाद उन्हें दोबारा पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है.

कंगाना रनौत के वकील रिजवान सिद्दिकी ने बताया कि, ‘हाईकोर्ट को दिए गए भरोसे के तहत कंगना अपनी बहन के साथ आज पुलिस के समक्ष बयान दर्ज करवाने के लिए पेश हुईं.’ बांद्रा की मजिस्ट्रेट अदालत ने पुलिस को निर्देश दिया था कि कंगना रनौत और उनकी बहन रंगोली चंदेल के खिलाफ जांच करे. अदालत ने यह आदेश उस शिकायत पर दिया, जिसमें आरोप लगाया था कि कंगना और रंगोली सोशल मीडिया पर अपने पोस्ट के जरिए नफरत फैलाने और सांप्रदायिक तनाव पैदा करने की कोशिश कर रही हैं.

कास्टिंग डायरेक्टर और फिटनेस ट्रेनर मुनव्वर अली सय्यद ने कंगना और उनकी बहन के ट्वीट और बयान का संदर्भ देते हुए शिकायत दर्ज कराई थी. पुलिस ने मामले में गत वर्ष अक्टूबर में एफआईआर दर्ज की थी. उनके खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा- 153ए (अलग-अलग धार्मिक, जातीय समूहों में द्वेष को बढ़ावा देना), धारा-295 ए (जानबूझकर धार्मिक भावनाओं को भड़काना) और धारा-124 ए (देशद्रोह) के तहत मामला दर्ज किया गया है.
पुलिस थाने जाने से पहले कंगना रनौत ने ट्विटर पर एक वीडियो शेयर किया जिसमें उन्होंने दावा किया कि देशहित के मुद्दों पर अपनी राय रखने की वजह से उन्हें निशाना बनाया जा रहा है. उन्होंने ट्विटर पर पोस्ट डेढ़ मिनट के वीडियो में कहा, ‘मेरा घर गैर कानूनी तरीके से तोड़ दिया गया. जब मैं किसानों के हित की बात करती हूं तो मेरे खिलाफ लगभग रोज मामले दर्ज किए जा रहे हैं, उदाहरण के लिए मेरे खिलाफ इसलिए मामला दर्ज किया है क्योंकि मैं हंस दी थी.’

वीडियो का टाइटल है, ‘क्यों मुझे मानसिक, भावनात्मक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है? मुझे इस देश से उत्तर चाहिए...मैं आपके लिए खड़ी हुई और अब समय मेरे लिए आपके खड़े होने का है.’





कंगना रनौत ने कहा कि उनकी बहन के खिलाफ इसलिए मामला दर्ज किया गया क्योंकि कोरोना वायरस की महामारी के शुरुआती दिनों के दौरान डॉक्टरों पर हुए हमले के खिलाफ उन्होंने आवाज उठाई. उन्होंने कहा, ‘यहां तक कि मेरा नाम भी मामले में जोड़ दिया गया जबकि उस समय मैं ट्विटर पर भी नहीं थी. सामान्यत: यह नहीं होता है, लेकिन यह हुआ और हमारे माननीय मुख्य न्यायाधीश ने इसे खारिज करते हुए कहा कि इसका कोई मतलब नहीं है.’

कंगना ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि उन्हें पुलिस थाने में हाजिरी देने का आदेश क्यों दिया गया. उन्होंने कहा, ‘...और कोई नहीं बता रहा है कि यह किस तरह की हाजिरी है? मुझसे यह भी कहा गया कि मैं किसी पर हो रहे अत्याचार के बारे में बात भी नहीं कर सकती.’

कंगना ने वीडियो में सुप्रीम कोर्ट का भी जिक्र किया और ‘जय हिंद’ के साथ इसका समापन किया. इससे पहले मुंबई पुलिस ने तीन बार नोटिस जारी कर उन्हें मामले में बयान दर्ज कराने के लिए पुलिस के सामने उपस्थित होने को कहा था.

बॉम्बे हाईकोर्ट ने गत वर्ष नंवबर में कंगना रनौत और उनकी बहन रंगोली चंदेल को गिरफ्तारी से सुरक्षा देते हुए और 8 जनवरी को पुलिस के सामने उपस्थित होने का निर्देश दिया था. हाईकोर्ट ने प्राथमिकी रद्द करने का रिक्वेस्ट करने वाली याचिका पर सुनवाई के लिए 11 जनवरी की तारीख तय की है.
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