गुजरात में जलवायु परिवर्तन का असर, 33 साल में 2.9 डिग्री सेल्सियस बढ़ा औसत तापमान

गुजरात में बढ़ा तापमान. (file Pic)

Gujarat temperature: एसएपीसीसी में किए गए अनुमान 1971 और 2000 के बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के डाटा पर आधारित हैं. जिसका उपयोग भविष्य के परिवर्तनों को समझने के लिए किया जाता है.

  • Share this:
    अहमदाबाद. जलवायु परिवर्तन (Climate Change) के असर के कारण दुनिया भर में मौसमीय बदलाव देखने को मिल रहे हैं. इस बीच गुजरात (Gujarat) में भी इसका बेहद बुरा प्रभाव देखने को मिला है. एक रिपोर्ट के मुताबिक राज्‍य में पिछले 33 साल में औसत तापमान में 2.9 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हुई है. तापमान (Gujarat Temperature) में यह वृद्धि 1986 से लेकर 2019 के बीच देखने को मिली है. वहीं अगर इससे पहले की बात करें तो 1985 तक 34 साल में तापमान में महज 0.7 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी देखने को मिली थी. यह दावा राज्‍य के मुख्‍यमंत्री विजय रूपाणी ने गुजरात के स्‍टेट एक्‍शन प्‍लान ऑन क्‍लाइमेट चेंज (एसएपीसीसी) में किया है.

    एसएपीसीसी के मुताबिक अगर प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो इस सदी के अंत तक राज्‍य के इस औसत तापमान में 5 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी देखी जा सकती है. एसएपीसीसी में बताया गया 33 साल का बढ़ा हुआ यह तापमान सबसे अधिक है. यह इंसानी कामों के कारण उत्‍पन्‍न उत्‍सर्जन के कारण हुआ है. इसमें ईंधन जलाना, जंगलों की कटाई और जमीन के इस्‍तेमाल में बदलाव शामिल है.

    यह रिपोर्ट गुजरात के जलवायु परिवर्तन विभाग ने इंडियन इंस्‍टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट-अहमदाबाद (IIMA) और इंडियन इंस्‍टीट्यूट ऑफ टेक्‍नोलॉजी-गांधीनगर की टीमों के साथ मिलकर तैयार की है. रिपोर्ट में कहा गया है, 'हमारे भविष्य के अनुमानों से पता चलता है कि गुजरात में वर्षा और तापमान में वृद्धि का अनुमान है. 21वीं सदी के अंत तक तापमान 1.5-5 डिग्री सेल्सियस और वर्षा 15% से 25% तक बढ़ने का अनुमान है.'

    रिपोर्ट में चेतावनी दी गई है कि ठंडे दिन और ठंडी रातें घटेंगे व गर्म दिनों, गर्म रातों और गर्म हवाओं में काफी वृद्धि होगी. एसएपीसीसी में किए गए अनुमान 1971 और 2000 के बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के डाटा पर आधारित हैं. जिसका उपयोग भविष्य के परिवर्तनों को समझने के लिए किया जाता है.

    एसएपीसीसी के अनुसार गुजरात में औसत तापमान 1986-2019 के बीच 0.2 से लेकर 2.9 डिग्री सेल्सियस के बीच बदल गया. यह परिवर्तन 1951 और 1985 के बीच -1.2 से 0.7 डिग्री सेल्सियस की सीमा में था. इतनी छोटी अवधि में हुए इन बदलावों के जिम्‍मेदार इंसानों की ओर से किए गए कार्य हैं.

    पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.