• Home
  • »
  • News
  • »
  • gujarat
  • »
  • सामने आएगा सच? कोविड-19 की उत्पत्ति की जांच के लिए WHO ने गठित की नई टीम

सामने आएगा सच? कोविड-19 की उत्पत्ति की जांच के लिए WHO ने गठित की नई टीम

चीन लगातार अपनी सीमाओं के भीतर कोविड की उत्पत्ति को लेकर की जाने वाली अंतर्राष्ट्रीय जांच पड़ताल का विरोध करता रहा है. (सांकेतिक तस्वीर)

चीन लगातार अपनी सीमाओं के भीतर कोविड की उत्पत्ति को लेकर की जाने वाली अंतर्राष्ट्रीय जांच पड़ताल का विरोध करता रहा है. (सांकेतिक तस्वीर)

Coronavirus Origin: इस नई टीम में में नीदरलैंड के इरास्मस मेडिकल सेंटर के मैरियन कोपमैन, बर्लिन के चैराइट में इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी के क्रिश्चियन ड्रॉस्टन और बीजिंग इंस्टीट्यूट ऑफ जीनोमिक्स के उप निदेशक युंगुई यांग शामिल हैं.

  • Share this:

    जेनेवा. विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कोविड-19 की उत्पत्ति की जांच को लेकर किए गए पिछले प्रयासों के चलते उठे विवाद के बाद जांच का नेतृत्व करने के लिए एक नई टीम के गठन का प्रस्ताव रखा है. डब्ल्यूएचओ ने बुधवार को कहा कि 700 से अधिक आवेदनों में से चयन किए गए समूह के 26 प्रस्तावित सदस्यों के पास महामारी विज्ञान से लेकर जैव सुरक्षा तक कई क्षेत्रों में विशेषज्ञता है. इनमें नीदरलैंड के इरास्मस मेडिकल सेंटर के मैरियन कोपमैन, बर्लिन के चैराइट में इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी के क्रिश्चियन ड्रॉस्टन और बीजिंग इंस्टीट्यूट ऑफ जीनोमिक्स के उप निदेशक युंगुई यांग शामिल हैं.

    डब्ल्यूएचओ के महानिदेशक टेड्रोस एडनॉम गेब्रेयेसुस ने बयान में कहा, “महामारी और वैश्विक महामारी की क्षमता के साथ भविष्य के प्रकोप को रोकने के लिए यह जानना आवश्यक है कि नए रोगजनक कहां से आते हैं और इसके लिए व्यापक विशेषज्ञता की आवश्यकता है.”

    अमेरिका ने की चीन की आलोचना
    अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने SARS-CoV-2 की उत्पत्ति के बारे में जानने के प्रयासों में बाधा डालने के लिए चीन की आलोचना की है, जबकि चीन ने अमेरिका और उसके सहयोगियों पर महामारी के लिए उसे दोषी ठहराने का आरोप लगाया है, जिसके चलते दुनिया भर में लगभग 50 लाख लोगों की जान ले ली है.

    गेब्रेयेसुस ने कहा है कि 2019 के अंत में संभावित संक्रमणों के बारे में वैज्ञानिकों के पास अभी भी कच्चे डेटा की कमी है. डब्ल्यूएचओ ने वुहान में जहां शुरुआती मामलों की पहचान की गई थी की प्रयोगशालाओं और अनुसंधान केंद्रों के ऑडिट का प्रस्ताव दिया है, साथ ही जानवरों, लोगों और वातावरण पर अध्ययन के लिए भी कहा गया है जिसने कोरोनावायरस के उद्भव में भूमिका निभाई हो सकती है.

    नए अध्ययन में नए सिरे से बाधाओं का सामना करना पड़ सकता है. बीजिंग ने कहा है कि वह इस बात की जांच के लिए उठने वाली मांग को खारिज कर देगा कि क्या वायरस वुहान इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी से लीक हुआ है, जो शहर के बाहरी इलाके में एक उच्च सुरक्षा सुविधा है जो कोरोनोवायरस पर अनुसंधान कर रहा था.

    पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

    हमें FacebookTwitter, Instagram और Telegram पर फॉलो करें.

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज