अपना शहर चुनें

States

किसान नेता गुरनाम चढूनी ने BJP को बताया फूट डालने वाली पार्टी, सरकार पर लगाए दंगा भड़काने के आरोप

चढूनी ने कहा कि जहां-जहां चुनाव है वहां लोगों से अपील करेंगे कि बीजेपी को वोट न दे.
चढूनी ने कहा कि जहां-जहां चुनाव है वहां लोगों से अपील करेंगे कि बीजेपी को वोट न दे.

Kisan Aandolan: किसान नेता गुरनाम सिंह चढूनी ने सरकार पर सबकुछ बेच देने का आरोप लगाया.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 22, 2021, 12:36 PM IST
  • Share this:
अंबाला. कृषि कानूनों के विरोध में किसानों का प्रदर्शन (Farmers Protest) लगातार जारी है. एक तरफ जहां सरकार कृषि कानूनों को वापस नहीं लेने की जिद पर अड़ी है वहीं दूसरी और किसान भी इसी जिद पर अड़े हैं कि जब तक सरकार कृषि के तीनों कानून वापस नहीं ले लेती तब तक किसान आंदोलन जारी रहेगा.  भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी रविवार को अम्बाला के पंजोखरा साहिब गुरुद्वारे में माथा टेकने पहुंचे. यहाँ पहुंचने पर गुरुद्वारे कमेटी द्वारा उनका जोरदार स्वागत किया गया. इस मौके पर चढूनी ने किसान आंदोलन (Kisan Aandolan) को आगे चलाने की रणनीति के बारे में जानकारी दी.

उन्होंने आंदोलन को लम्बा चलने की बात कही, वहीं उन्होंने इसके लिए नई रणनीति बनाने की बात भी कही. उन्होंने कहा की जो लोग दिल्ली बॉर्डर पर बैठे है उनका पीछे खेती बाड़ी का काम भी चलता रहे और किसानो की संख्या भी कम न हो. इसके लिए हर गांव में मीटिंग करके लोगों को जागरूक किया जायेगा कि लोग बारी बारी दिल्ली आते जाते रहें और पीछे उनकी खेती बाड़ी गांव वाले देखते रहे. उन्होंने कहा की हरियाणा पंजाब के इलावा दूसरे राज्यों में भी पंचायतें करके लोगों को जागरूक किया जायेगा. उन्होंने कहा की जहां-जहां चुनाव है वहां लोगों से अपील करेंगे की बीजेपी को वोट न दे बाकि किसी को भी दें.

सरकार का काम फूट डालो और राज करो



उन्होंने सरकार पर गंभीर आरोप लगते हुए कहा कि किसी ने अगर ट्वीट कर दिया तो उसके ऊपर भी मुकदमा दर्ज कर दिया. उन्होंने बीजेपी को फूट डालने वाली पार्टी बताया. उन्होंने सरकार पर दंगे भड़काने का आरोप भी लगाया.  उन्होंने कहा की सरकार का काम फूट डालो और राज करो है.
सब कुछ बेच देने का आरोप

उन्होंने सरकार पर सब कुछ बेच देने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा की सरकार का अब एक ही इलाज है की हिन्दू , मुस्लिम ,सिख ईसाई सब एक हो जाएं. उन्होंने कहा की किसान तो अपने खेत में आनाज पैदा कर लेगा लेकिन जो आम लोग है वो फिर बड़े-बड़े व्यापारियों से लेकर खाएंगे और फिर ये अपनी मर्जी के रेट पर आनाज को बेचेंगे. उन्होंने इस आंदोलन में नौजवानों की भूमिका की भी सराहना की.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज