किसानों पर लाठीचार्ज की जांच की मांग कर ड्रामा कर रही हरियाणा सरकार- अभय चौटाला
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किसानों पर लाठीचार्ज की जांच की मांग कर ड्रामा कर रही हरियाणा सरकार- अभय चौटाला
INLD के नेता अभय सिंह चौटाला ने आंदोलनकारी निहत्थे किसानों पर लाठीचार्ज को शर्मनाक बताया है (फाइल फोटो)

आईएनएलडी (INLD) के नेता अभय सिंह चौटाला (Abhay Singh Chautala) ने कहा कि यह पहली दफा ड्रामा हो रहा है कि सत्ता में बैठे लोग ही कह रहे हैं कि इसकी जांच होनी चाहिए. अगर उनके कहने से जांच नहीं होगी तो क्या वो सत्ता छोड़ देंगे? वो ऊंगली कटाकर शहीद होने वालों की पंक्ति में आना चाहते हैं

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  • Last Updated: September 14, 2020, 10:16 PM IST
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चंडीगढ़. इंडियन नेशनल लोक दल (INLD) के नेता अभय सिंह चौटाला (Abhay Singh Chautala) ने कहा कि हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज (Anil Vij) द्वारा दिए गए बयान कि किसानों पर लाठीचार्ज (Lathicharge On Farmers) नहीं हुआ, बेहद निंदनीय है. उन्हें अनिल विज से इस बयान के लिए किसानों से माफी मांगनी चाहिए. उन्होंने कहा कि वो खुद 85 साल के एक बुजुर्ग से मिलकर आए हैं जिनको लाठियों से पीटा गया है. इस हमले में उनका पैर टूट गया. उस गांव के करीब दस और भी लोग हैं जिनको लाठियों से पीटा गया.

अभय चौटाला ने कहा कि किसान कभी भी ऐसे आंदोलन का हिस्सा नहीं बनता जहां उसे अपना घर और खेत छोड़ना पड़े. अन्नदाता तभी आंदोलन करता है जब सरकार किसान के आगे बहुत बड़ी मुसीबत खड़ी कर दे. इसलिए किसान अपना घर-बार, खेत सबकुछ छोड़कर अपनी बात कहने आया था. उन्होंने कहा कि अगर मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के कोरोनाग्रस्त होने के बाद प्रदेश की कमान उप-मुख्यमंत्री के पास थी तो इससे ज्यादा सरकार की भद्द क्या पिटेगी. फिर तो जांच की मांग करने की बजाय जिसके हाथ में कमान थी, उसे जांच के आदेश देने चाहिए थे.

'सत्ता में बैठे लोग किसानों पर लाठीचार्ज की जांच की मांग कर ड्रामा कर रहे'



आईएनएलडी नेता ने कहा कि प्रदेश में कोई सरकार नहीं है, यहां अंधेर नगरी चौपट राजा वाली स्थिति है. प्रदेश का उप-मुख्यमंत्री कहता है कि लाठीचार्ज की जांच होनी चाहिए. जांच की मांग तो विपक्ष के लोग और किसान संगठन कर रहे हैं कि जो दोषी हैं, जिन्होंने लाठियां बरसाई हैं उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए. साथ ही जिनको चोटें लगी हैं और जिनके खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज किए गए हैं, उन्हें वापस लेना चाहिए. उन्होंने कहा कि यह पहली दफा (बार) ड्रामा हो रहा है कि सत्ता में बैठे लोग ही कह रहे हैं कि इसकी जांच होनी चाहिए. अगर उनके कहने से जांच नहीं होगी तो क्या वो सत्ता छोड़ देंगे? वो ऊंगली कटाकर शहीद होने वालों की पंक्ति में आना चाहते हैं.
हरियाणा बीजेपी के अध्यक्ष ओमप्रकाश धनखड़ द्वारा बनाई गई तीन सदस्यीय कमेटी पर सवाल उठाते हुए अभय चौटाला ने कहा कि यह बात स्पष्ट नहीं है कि वो कमेटी सरकार की है या पार्टी की है. अगर कमेटी पार्टी की है तब तो ठीक है. लेकिन अगर कमेटी सरकार की है तो फिर धनखड़ का भी बहुत बड़ा दखल सरकार में है, ऐसे में फिर मुख्यमंत्री का प्रदेश में क्या काम रह गया? प्रदेश को मुख्यमंत्री की जरूरत ही नहीं है.
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