लाइव टीवी

खुदाई में निकली 5000 साल पुरानी ये खास मूर्ति, प्रशासन को नहीं दे रहा किसान

Jaspal Singh | News18 Haryana
Updated: November 8, 2019, 5:54 PM IST
खुदाई में निकली 5000 साल पुरानी ये खास मूर्ति, प्रशासन को नहीं दे रहा किसान
खुदाई में मिली मूर्ति को नहीं लौटा रहा किसान

उपायुक्त ने वहां से मिले सभी अवशेषों को खजाना कार्यालय के स्ट्रांग रूम में जमा करवाने के आदेश दिए हैं. अब किसान द्वारा मूर्ति ने देने पर मामले से उच्च अधिकारियों को अवगत करवाया गया है.

  • Share this:
फ़ातेहबद. गांव भट्टू-बुआन के खेतों में खुदाई के दौरान करण कोर्ट की ऐतिहासिक जगह से मिली करीब 5000 साल पुरानी मूर्ति को गांव का एक किसान (Farmer) अपने घर ले गया. वह मूर्ति (Statue) देने में आनाकानी कर रहा है. खुदाई के निरीक्षण में लगे सेफ्टी इंजीनियर (Safety Engineer) अजय कुमार सिंह ने इस मामले से डीसी और एसपी को अवगत करवाया है. टीम ने मूर्ति की फोटो प्रशासनिक अधिकारियों और पुरातत्व विभाग को सौंप दी है.

हालांकि उपायुक्त ने वहां से मिले सभी अवशेषों को खजाना कार्यालय के स्ट्रांग रूम में जमा करवाने के आदेश दिए हैं. अब किसान द्वारा मूर्ति ने देने पर मामले से उच्च अधिकारियों को अवगत करवाया गया है. सेफ्टी इंजीनियर अजय कुमार ने बताया कि 1 माह पहले खुदाई के दौरान करीब 2 फीट बड़ी मूर्ति मिली थी. बताया जा रहा है कि यह मूर्ति लावा ठंडा होने के बाद बने पत्थर से बनाई हुई है, जिस पर मरकरी  प्लांटिंग तकनीकी से बनाई हुई है.

ये मूर्ती सालों तक रह सकती है सुरक्षित

उस समय इस तकनीक का ही इस्तेमाल होता था जो कि आज विश्व भर में लुप्त हो गई है. इस पत्थर में तकनीक से बनी मूर्ति को सालों तक सुरक्षित रह सकती है. मूर्ति से पुराने इतिहास के बारे में काफी कुछ पता चल सकता है. यह सरकारी विभाग की संपत्ति है. फिलहाल मूर्ति को उस व्यक्ति ने घर में रखा हुआ है और वह अधिकारियों को देने से इनकार कर रहा है. मामले से उपायुक्त और एसपी को अवगत करवाया गया है.

ये भी पढ़ें- हनीप्रीत डेरा के लीगल सेल के लोगों से कर रही है लगातार मीटिंग

अभय चौटाला अनाज मंडी में बोले - सीएम को किसानों के लिए फुर्सत नहीं

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए फतेहाबाद से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: November 8, 2019, 5:08 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...