रोडवेज के रिश्वतखोर क्लर्क को विजिलेंस की टीम ने रंगे हाथों किया काबू

शेर सिंह ने बताया कि क्लर्क द्वारा रिश्वत मांगे जाने पर उसने क्लर्क से कुछ कम करने को कहा तो डील चार हजार रुपए में फाइनल हुई. जिसके बाद चालक शेर सिंह ने मामले की सूचना विजिलेंस को दे दी.

Jaspal Singh | News18 Haryana
Updated: July 5, 2019, 8:14 AM IST
रोडवेज के रिश्वतखोर क्लर्क को विजिलेंस की टीम ने रंगे हाथों किया काबू
विजिलेंट टीम रिश्वतखोर कलर्क को किया गिरफ्तार
Jaspal Singh | News18 Haryana
Updated: July 5, 2019, 8:14 AM IST
भ्रष्टाचार के मामले में सरकार जीरो टोलरेंस के भले कितने ही ढोल पीट ले मगर, भ्रष्टाचारियों के मुंह पर लगा रिश्वत का स्वाद खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है. ताजा मामला फतेहाबाद का है जहां रोडवेज विभाग में तैनात एक क्लर्क को घूसखोरी के आरोप में विजिलेंस द्वारा दबोच लिया गया.

आरोप है कि क्लर्क सुंदरलाल ने रोडवेज डिपो में तैनात एक चालक शेर सिंह से रिश्वत मांगी जो कि गुडग़ांव में तैनात है और इन दिनों फतेहाबाद में डेपुटेशन पर आया हुआ था. बता दें कि चालक को वापस गुरुग़ांवा जाना था, चालक के निवेदन पर उसे वापस न भेजने के एवज में क्लर्क ने उससे 5 हजार की रिश्वत मांगी थी.

चार हजार रुपये में फाइनल हुई डील

शेर सिंह ने बताया कि क्लर्क  द्वारा रिश्वत मांगे जाने पर उसने क्लर्क से कुछ कम करने को कहा तो डील चार हजार रुपए में फाइनल हुई. जिसके बाद चालक शेर सिंह ने मामले की सूचना विजिलेंस को दे दी. विजिलेंस की टीम इंस्पेक्टर गुंरमीत के नेतृत्व फतेहाबाद पहुंची और उपायुक्त से अनुमति के बाद रेड की कार्रवाई शुरु कर दी.

प्लानिंग के मुताबिक किया गिरफ्तार

प्लानिंग के मुताबिक शेर सिंह को क्लर्क को पैसे देने के लिए भेज दिया. जैसे ही शेर सिंह ने क्लर्क सुंदर को पैसे दिए और सुंदरलाल डिपो से बाहर तो विजिलेंस ने उसे वहीं दबोच लिया. फिलहाल आरोपी सुंदर लाल विजिलेंस के कब्जे में और विजिलेंस कर्मी उससे पूछताछ कर रहे हैं.

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First published: July 5, 2019, 8:11 AM IST
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