Kisan Aandolan: किसान नेता राकेश टिकैत आज पहुंचेंगे जींद, महापंचायत में लेंगे भाग

भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत.

भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत.

किसान नेता राकेश टिकैत (Rakesh Tikait) कंडेला गांव (Kandela Village) में महापंचायत को संबोधित करेंगे.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 3, 2021, 5:44 PM IST
  • Share this:

जींद. किसान नेता राकेश टिकैत (Farmer Leader Rakesh Tikait) आज महापंचायत में हिस्सा लेने के लिए हरियाणा के जींद जिले में पहुंचेंगे. राकेश टिकैत का गांव कंडेला और खटकड़ टोल प्लाजा दो जगह कार्यक्रम रखा गया है. ग्रामीणों ने टिकैत के कार्यक्रम के लिए पूरी तैयारी कर ली है. टिकैत खटकड़ टोल प्लाजा पर बांगर एरिया के लोगों को संबोधित करेंगे. वहीं कंडेला गांव (Kandela Village) में महापंचायत को संबोधित करेंगे. इस महापंचायत में हरियामा की खापें और किसान नेता जुटेंगे. कंडेला खाप के प्रधान टेक राम कंडेला ने इस बारे में जानकारी दी.

टिकैत के अलावा कई खाप नेता भी इसमें शामिल होंगे. टेक राम कंडेला ने कहा कि किसानों के आंदोलन का समर्थन करने के लिए यह बड़ा जमावड़ा होगा. करीब दो दशक पहले हरियाणा में किसानों का आंदोलन चलाने वाली कंडेला खाप ने कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों को अपना समर्थन दिया है. दूसरी खाप ने भी आंदोलन का समर्थन किया है. टेकराम कंडेला ने कहा कि बुधवार के कार्यक्रम में कृषि कानूनों को निरस्त करने और न्यूनतम समर्थन मूल्य पर कानूनी गारंटी की मांग की जाएगी.

Youtube Video

गौरतलब है की जब टिकैत भावुक हुए थे तो कंडेला गांव के लोगो ने जींद चंडीगढ़ हाईवे जाम कर दिया था जिसके बाद पूरे हरियाणा भर से किसान आंदोलन को समर्थन मिला था और बड़ी संख्या में लोग दिल्ली की सीमाओं पर पहुंच गए थे. जींद जिले ने किसान आंदोलन में नए सिरे से जान फूंकी है. आज हरियाणा के जींद में किसान आंदोलन को लेकर रणनीति तैयार की जाएगी.
इधर, किसान आंदोलन को मजबूती प्रदान करने के लिए पानीपत जिले के नौल्था खंड में 12 गांव के किसानों ने मंगलवार को एक पंचायत आयोजित की. पंचायत में बराह खाप के लोगों ने इकट्ठे होकर निर्णय लिया कि अब गांव से अलग-अलग सिंधु बॉर्डर पर किसान आंदोलन में जाने की बजाए बारह खाप की कमेटी के नेतृत्व में किसान आंदोलन में भाग लेंगे. साथ ही प्रत्येक गांव से कमेटी में 5 लोगों को शामिल करने का फरमान सुनाया है. इसके साथ ही सिंधु बॉर्डर पर अलग तंबू लगाने के खर्च की व्यवस्था करने का भी निर्णय लिया गया है.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज