VIDEO: हरियाणा की 17 साल की छोरी का कमाल, फतह की अफ्रीका की सबसे ऊंची चोटी
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पर्वतारोही महकजोत ने बताया कि 15 अक्तूबर को भारत से अफ्रीका के लिए रवाना हुई थी. इसके बाद 17 अक्तूबर को किलिमंजारों पर्वत की चढ़ाई शुरू की और 22 को सुबह सात बजे तक किलिमंजारों पर भारत का झंडा लहराया था.

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करनाल की 17 वर्षीय महकजोत ने विश्व की सात सबसे बड़ी चोटियों में से एक दक्षिण अफ्रीका की किलिमंजारों पर फतह हासिल की है. महकजोत ने अपने अभ्यास के अलावा किसी से विशेष ट्रेनिंग नहीं ली है. इसकी इस कामयाबी में पर्वतारोही अनीता कुंडू ने सहयोग किया है.

साउथ अफ्रीका की सबसे ऊंची चोटी किलिमंजारों को फतेह करने के बाद 17 साल की महकजोत अब दिसंबर में दक्षिण अमेरिका की सबसे ऊंची चोटी एकांकागुआ पर चढ़ाई करने जा रही है. अगर महकजोत ऐसा करने में कामयाब होती है तो वह देश की पहली लड़की होगी जिसने एकांकागुआ की चोटी पर देश का परचम लहराया होगा.

महकजोत 12वीं कक्षा की छात्रा है और इस बार उसके बोर्ड के एग्जाम है. महक को 12वीं बोर्ड की परीक्षा में टॉप भी करना है और दुनिया की सबसे ऊंची चोटियों पर परचम भी लहराना है. इसके लिए वह सुबह-शाम पढ़ाई करने साथ 5-5 किलोमीटर की दौड़ और व्यायाम भी कर रही है.



पर्वतारोही महकजोत ने बताया कि 15 अक्तूबर को भारत से अफ्रीका के लिए रवाना हुई थी. इसके बाद 17 अक्तूबर को किलिमंजारों पर्वत की चढ़ाई शुरू की और 22 को सुबह सात बजे तक किलिमंजारों पर भारत का झंडा लहराया था. महकजोत ने बताया कि यह उनके जीवन की पहली अचीवमेंट थी, जिससे वे बेहद खुश और उत्साहित है. उन्होंने जिस किलिमंजारों चोटी को फतह किया था उसकी ऊंचाई 19380 फीट है और इस चोटी की उन्होंने ऑफ सीजन में चढ़ाई की थी. महक ने कहा कि उन्हें उनके इस काम पर गर्व है और वे आगे भी इस तहत के काम करती रहेंगी, जिससे उनके माता-पिता और देश को गौरव महसूस हो.



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