गलघोंटू की चपेट में नूंह, अबतक 18 बच्चों की मौत

मरने वाले बच्चे 2 से लेकर 17 साल की आयु के हैं. इस बीच स्वास्थ्य महकमे ने डिप्थीरिया की रोकथाम के लिए टीमें गठित की हैं जो गांव-गांव जाकर बच्चों का टीकाकरण कर रही है.

Kasim Khan | News18 Haryana
Updated: October 17, 2018, 3:13 PM IST
गलघोंटू की चपेट में नूंह, अबतक 18 बच्चों की मौत
डिप्थीरिया से अबतक 18 मौतें
Kasim Khan | News18 Haryana
Updated: October 17, 2018, 3:13 PM IST
जानलेवा गलघोंटू बीमारी एक बार फिर प्रदेश में पैर पसारती नज़र आ रही है. अकेले नूंह में ही गलघोंटू यानी डिप्थीरिया से अब तक 18 बच्चों की मौत हो चुकी है. नूंह ज़िले के नूंह, पुन्हाना और फिरोज़पुर झिरका ब्लॉक के 33 गांव गलघोंटू की चपेट मे हैं. यहां अब तक गलघोंटू के 60 मामले सामने आ चुके हैं जिनमें से 18 की मौत हुई है.

मरने वाले बच्चे 2 से लेकर 17 साल की आयु के हैं. इस बीच स्वास्थ्य महकमे ने डिप्थीरिया की रोकथाम के लिए टीमें गठित की हैं जो गांव-गांव जाकर बच्चों का टीकाकरण कर रही है. स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक जो साठ बच्चे डिप्थीरिया से प्रभावित हुए हैं, उन्हें DPT का टीका नहीं लगा है.

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बता दें कि नूंह में टीकाकरण की दर सबसे कम है. हाल ही में स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने भी कहा था कि कुछ धर्म विशेष के लोग टीका नहीं लगवाते जिसकी वजह से ये समस्या दोबारा सामने आई है. बता दें कि प्रदेश सरकार काफी समय से दावा करती आई है कि प्रदेश गलघोंटू मुक्त हो चुका है, लेकिन एकसाथ आए इन मामलों ने सरकार के दावों की पोल खोल कर रख दी है.
First published: October 17, 2018, 3:11 PM IST
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