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मेवात में लंपी स्किन वायरस की दस्तक, दर्जनों गांव में रहस्यमयी बीमारी की चपेट में आए पशु

क्षेत्रीय डॉक्टरों द्वारा इलाज के तौर पर उपचार किया जा रहा है. लेकिन पशुओं की स्थिति ज्यों की त्यों बनी हुई है.

क्षेत्रीय डॉक्टरों द्वारा इलाज के तौर पर उपचार किया जा रहा है. लेकिन पशुओं की स्थिति ज्यों की त्यों बनी हुई है.

Haryana News: ग्रामीणों का कहना है कि डॉक्टरों को निजी खर्चे पर बुलाकर पशुओं का इलाज कराया जा रहा है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है. विभाग की तरफ से उन्हें कोई सहायता नहीं मिल पा रही है. जानकारी के मुताबिक, इससे पहले इस वायरस के चलते राजस्थान में कई लाख पशु इस बीमारी की चपेट में हैं.

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हाइलाइट्स

डॉक्टरों द्वारा ग्रामीणों से मोटी रकम वसूली जा रही है.
अब ये वायरस राजस्थान से सटे हरियाणा के मेवात जिले तक आ पहुंचा है.
ग्रामीण पशुओं में इस तरह की बिमारी को देखकर लोग घबरा रहे हैं.

मेवात. कोरोना अभी खत्म नहीं हुआ कि इन दिनों जानवरों में फैला लंपी स्किन डिजीज चिंता का सबब बन गई है. लंपी स्किन वायरस मेवात जिले के बड़े बिछौर सहित पुन्हाना के कई गांवों में पैर पसार चुका है. जिसकी वजह से स्वास्थ्य विभाग और पशु पालकों की चिंता बढ़ गई है. लंपी त्वचा रोग पशुओं के लिए लाइलाज बीमारी बनकर सामने आया है. ग्रामीण पशुओं में इस तरह की बिमारी को देखकर लोग घबरा रहे हैं. पशुओं में धब्बेनूमा चकते को देखकर लगातार पशुपालक डॉक्टरों से अपने पशु का इलाज कराने में लगे हुए हैं. जिसकी एवज में डॉक्टरों द्वारा ग्रामीणों से मोटी रकम वसूली जा रही है.

हालांकि, विभाग द्वारा यह दावा किया जा रहा है कि जिले में पशुओं की निगरानी के लिए 25 टीमों का गठन किया गया है. लेकिन पशुपालकों को किसी तरह का कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है. ग्रामीणों ने बताया कि इस रहस्यमयी बीमारी के कारण उनके गोवंश करीब एक महीने से पीड़ित हैं. गोवंशों ने चारा खाना बंद कर दिया है. जिससे उन्हें काफी कमजोरी भी हो रही है. इतना ही नहीं दुधारू गोवंश का इस बीमारी के चलते दूध भी कम हो गया है. क्षेत्रीय डॉक्टरों द्वारा इलाज के तौर पर उपचार किया जा रहा है. लेकिन पशुओं की स्थिति ज्यों की त्यों बनी हुई है.

बीमारी जिले में पूरी तरह से फैल कर महामारी का रूप ले लेगी
ग्रामीणों का कहना है कि डॉक्टरों को निजी खर्चे पर बुलाकर पशुओं का इलाज कराया जा रहा है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है. विभाग की तरफ से उन्हें कोई सहायता नहीं मिल पा रही है. जानकारी के मुताबिक, इससे पहले इस वायरस के चलते राजस्थान में कई लाख पशु इस बीमारी की चपेट में हैं. जिससे हजारों गोवंश की मौत हो चुकी है. अब ये वायरस राजस्थान से सटे हरियाणा के मेवात जिले तक आ पहुंचा है. अगर विभाग ने जल्द ही उचित कदम नहीं उठाया तो यह बीमारी जिले में पूरी तरह से फैल कर महामारी का रूप ले लेगी.

Tags: Animal, Haryana news, Mewat news

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