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ईपीएफ खातों में बिना दावेदारी के पड़े हैं श्रमिकों के 27 हजार करोड़ रुपए: दत्तात्रेय

ईपीएफ खातों में बिना दावेदारी के पड़े हैं श्रमिकों के 27 हजार करोड़ रुपए: दत्तात्रेय

केन्द्रीय श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री बंडारू दत्तात्रेय ने सोमवार को रोहतक में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के उप क्षेत्रीय कार्यालय का उद्घाटन किया. उन्होंने बताया कि देशभर में कर्मचारियों का तकरीबन 27 हजार करोड़ रुपए सरकार के पास पीएफ खाते में जमा है, जिसका कोई दावेदार नहीं है.

केन्द्रीय श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री बंडारू दत्तात्रेय ने सोमवार को रोहतक में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के उप क्षेत्रीय कार्यालय का उद्घाटन किया. उन्होंने बताया कि देशभर में कर्मचारियों का तकरीबन 27 हजार करोड़ रुपए सरकार के पास पीएफ खाते में जमा है, जिसका कोई दावेदार नहीं है.

केन्द्रीय श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री बंडारू दत्तात्रेय ने सोमवार को रोहतक में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के उप क्षेत्रीय कार्यालय का उद्घाटन किया. उन्होंने बताया कि देशभर में कर्मचारियों का तकरीबन 27 हजार करोड़ रुपए सरकार के पास पीएफ खाते में जमा है, जिसका कोई दावेदार नहीं है.

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केन्द्रीय श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री बंडारू दत्तात्रेय ने सोमवार को रोहतक में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के उप क्षेत्रीय कार्यालय का उद्घाटन किया. उन्होंने बताया कि देशभर में कर्मचारियों का तकरीबन 27 हजार करोड़ रुपए सरकार के पास पीएफ खाते में जमा है, जिसका कोई दावेदार नहीं है.

उन्होंने कहा कि यह पैसा कर्मचारियों को उनके पीएफ खाते की सही जानकारी न होने के कारण पड़ा हुआ है, लेकिन यह पैसा सरकार के पास सुरक्षित है और जिन कर्मचारियों का यह पैसा है उनको सरकार यह पैसा लौटाएगी. साथ ही कहा कि सभी कर्मचारियों को भविष्य निधि के बारे में जागरूक होना चाहिए.

रोहतक पहुंचे केन्द्रीय श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री दत्तात्रेय ने कहा कि भारत सरकार मजदूर और कर्मचारी वर्ग के उत्थान के लिए कृतसंकल्प है. उन्होंने कहा कि इंस्पेक्टर राज भ्रष्टाचार को बढ़ाने का सबसे बड़ा कारण होता है. निरीक्षण के नाम पर उद्योगों और कर्मचारियों को प्रताड़ित किया जाता है, लेकिन हम पारदर्शिता ला रहे हैं और जिसके लिए पूरे सिस्टम का कंप्यूटरीकरण किया जा रहा है ताकि निरीक्षण भी ऑनलाइन किया जा सके.

उन्होंने कहा कि मजदूर और कर्मचारियों को किसी भी तरह की दिक्कत नहीं आने दी जाएगी और जिन कर्मचारियों का पैसा ईपीएफ खाते में बिना दावेदारी के पडा है, उनको ही यह पैसा दिया जाएगा.  साथ ही उन्होंने कहा कि सरकार इसका दुरुपयोग नहीं होने देगी.

कार्यक्रम में हरियाणा के वित्त एवं श्रम मंत्री कैप्टन अभिमन्यु भी मौजूद थे. उन्होंने केन्द्रीय मंत्री से अपील की कि हरियाणा की कुल आबादी का 51 फीसदी खेती पर ही निर्भर है, लेकिन कृषि प्रधान प्रदेश होने के बावजूद प्रदेश की जीडीपी में कृषि क्षेत्र का योगदान घटकर 15 प्रतिशत से भी कम रह गया है, जोकि बेहद चिंताजनक है. उन्होंने कहा कि कृषि असंगठित क्षेत्र है और खेती करने वाले किसान, मजदूर के लिए कोई ऐसी योजना बनाए, जिससे किसान खुशहाल हो और उसका जीवनयापन हो सके.

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