बिलासपुर: बहू ने खूब की सेवा तो 90 वर्षीय सास और 10 साल की बेटी ने कोरोना से जीती जंग

सांकेतिक तस्वीर.
सांकेतिक तस्वीर.

उल्लेखनीय है कि 13 अक्तूबर को तुलसी देवी के परिवार में कोरोना पॉजिटिव केस आने से उनके बड़े बेटे की मृत्यु हो गई थी.

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बिलासपुर. बहू और सास की नोकझोंक (Clash) के चर्चे तो आपने बहुत देखे व सुनें होंगे, लेकिन इस करोना काल में एक ऐसी बहू है, जिसने अपनी सेवा भावना से अपनी 90 वर्षीय सासू माता (Mother in law) को करोना (Corona virus) की जंग में जीत दिलाई है, जबकि वृद्धा की पड़पोती अंतरा यह भी करोना से जंग जीत गई है. हालांकि, वृद्धा का लगभग 60 वर्षीय बेटा जंग हार गया था और महामारी से उसकी मौत हो गई थी.

पूरी तरह से स्वस्थ हुई दादी

कोरोना वायरस के चलते प्रदेश में जहां हर रोज नए मामले सामने आ रहे हैं और मौत का आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है. जिला बिलासपुर के भराड़ी के अंतर्गत आने वाली भपराल पंचायत की 90 वर्षीय तुलसी देवी ने कोरोना को मात देकर  मिसाल कायम कर दी है. इस करोना महामारी की जग में बहू नीलम कुमारी  का महत्वपूर्ण योगदान रहा, जिसने दिन-रात सेवा करके अपनी सासू माता को इस महामारी के जाल से मुक्त किया है.इस बहु नीलम की सेवा भावना के पूरे क्षेत्र में चर्चा की जा रही है. हालांकि, उनके पोते रणबीर का कहना है कि उनकी चाची नीलम ने जिस प्रकार सेवा की उससे हमारी दादी बिल्कुल स्वस्थ घर लौटी है. उन्होंने इसके लिए जिला प्रशासन स्वस्थ विभाग का भी धन्यवाद किया है.



बेटे की हुई मौत
उल्लेखनीय है कि 13 अक्तूबर को तुलसी देवी के परिवार में कोरोना पॉजिटिव केस आने से उनके बड़े बेटे की मृत्यु हो गई थी. बेटे के संपर्क में आने के बाद तुलसी देवी भी संक्रमित हो गई थी. तुलसी देवी को कोरोना संक्रमण के चलते कोविड केयर सेंटर घुमारवीं में भर्ती करवाया गया था. लेकिन वहां पर चले इलाज के बाद तुलसी देवी बिल्कुल स्वस्थ होकर घर लौटी है और लोगों को हिम्मत बनी हैं कि अगर कोरोना महामारी के खिलाफ हिम्मत से जंग लड़ी जाए तो इसे बुजुर्ग से बुजुर्ग व्यक्ति भी मात दे सकता है, जबकि वृद्ध महिला की पड़पोती  अंतरा भी पॉजिटिव आई थी और यह भी करोना के ऊपर  जंग जीत चुकी है. बता दें कि बिलासपुर में कोरोना के कुल मामले 1268 मामले हैं, जबकि 8 लोगों की मौत हुई है.
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