क्रिकेट की दुनिया में चमका हिमाचल का सितारा, फर्स्ट क्लास क्रिकेट में बनाई जगह

अर्जुन शर्मा ने बताया कि उन्होंने माँ ज्वाला से मन्नत मांगी थी कि जब वह फर्स्ट क्लास क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करेंगे तो माँ ज्वाला के चरणों में हाजिरी लगाएंगे.

अर्जुन शर्मा ने बताया कि उन्होंने माँ ज्वाला से मन्नत मांगी थी कि जब वह फर्स्ट क्लास क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करेंगे तो माँ ज्वाला के चरणों में हाजिरी लगाएंगे.

ज्वालामुखी में पिता प्रवीण शर्मा और मां मधु शर्मा के घर जन्मे बाएं हाथ के बल्लेबाज और स्पिन गेंदबाज क्रिकेट खिलाडी अर्जुन शर्मा ने हाल ही में कोलकाता में विजय हजारे ट्राफी में शानदार प्रदर्शन किया है.

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कांगड़ा. कहावत है कि 'पूत के पांव पालने मे' ही दिख जाते हैं. यह शब्द उस हरफनमौला क्रिकेट खिलाडी पर बिल्कुल स्टीक बैठते हैं, जिसने अपने माता पिता की अंगुली पकड़ कर चलने की उम्र में अपने हाथ मे क्रिकेट बैट पकड़ लिया और फर्स्ट क्लास क्रिकेट (Cricket) में भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है. हिमाचल के जिला कांगड़ा (Kangra) में मां ज्वाला की नगरी ज्वालामुखी में पिता प्रवीण शर्मा और मां मधु शर्मा के घर जन्मे बाएं हाथ के बल्लेबाज और स्पिन गेंदबाज क्रिकेट खिलाडी अर्जुन शर्मा ने यह करिश्मा कर दिखाया है. उन्होंने हाल ही में कोलकत्ता में विजय हज़ारे रणजी ट्रॉफी (Ranji Trophy) के मैच में बंगाल बनाम सर्विसिज मैच में आलराउंडर परफोर्मेंस को कॉमेंटेटरों ने भी सराहा.

माता से मांगी थी मन्नत

अर्जुन शर्मा ने बताया कि उन्होंने माँ ज्वाला से मन्नत मांगी थी कि जब वह फर्स्ट क्लास क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करेंगे तो माँ ज्वाला के चरणों में हाजिरी लगाएंगे. वहीं, कोरोना का असर क्रिकेट टूर्नामेंटों पर भी हुआ है. कई क्रिकेट प्रतियोगिताएं स्थगित हो गयी है.

अर्जुन शर्मा के माता-पिता.

मां बोली आईपीएल और इंडिया टीम में देखने का है सपना

अर्जुन की माता मधु शर्मा ने बताया कि 10 वर्ष की उम्र में वह धर्मशाला क्रिकेट अकेडमी में अर्जुन को छोडने गई तो रो-रो कर उनका बुरा हाल था. वह अपने वेटे को पढ़ाई करवाकर बड़ा अफसर बनाना चाहती थी, लेकिन पिता प्रवीण शर्मा के मार्गदर्शन व मां ज्वाला के आशीर्वाद से नियती को कुछ और ही मंजूर था और क्रिकेट की दुनिया में अर्जुन ने कदम रखा. अब वह एयर फोर्स की सर्विसिज़ की टीम से फर्स्ट क्लास किक्रेट में बेहतरीन प्रदर्शन कर रहा है. जल्द ही आईपीएल और इंडिया टीम में अर्जुन अपने प्रदर्शन से पंहुचे, यही सपना है और यही मां ज्वाला से दुआ मांगी है.

अर्जुन का बेहतरीन रिकार्ड



वर्ष 2006 में एचपीसीए धर्मशाला में क्रिकेट अकेडमी से शुरुआत हुई.

वर्ष 2010-11-12 में विजय मर्जेंट नैशनल अंडर 16 में मात्र 6 मैचों में 17 विकेट लेकर एचपीसीए का नाम रौशन किया.

वर्ष 2011-12-13 में बीसीसीआई स्पैशिलिस्ट अकेडमी में पहली बार चुना गया.

वर्ष 2013-14 में पहली बार सईयैद मुश्ताक अली रणजी ट्राफी टी 20 के लिए चुना गया.

वर्ष 2014-15 में बीसीसीआई जोनल क्रिकेट अकेड़मी में चुना जाना गर्व की बात रही.

वर्ष 2014-15 में कैप्टन अंडर 19 विनू माकंड ट्राफी वन डे और कूच बिहार ट्राफी में हिमाचल की टीम रहे.

वर्ष 2014-15 में दूसरी बार सैयद मुश्ताक अली रणजी ट्राफी टी-20 एचपीसीए टीम.

वर्ष 2015-16-17 कर्नल सी के नायडू ट्राफी अंडर 23 में प्रवेश किया.

वर्ष 2016-17 वर्ल्ड कप टी 20 विद ओमान हांगकांग और जिमबाबे धर्मशाला में प्रैक्टिस मैच खेले.

वर्ष 2016-17 कैप्टन ऑल इंडिया जेपी अत्रे मैमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट में खेले.

वर्ष 2017-18 कैप्टन कर्नल सी के नायडू ट्राफी अंडर 23.

वर्ष 2017 में अर्जुन शर्मा ने एयर फोर्स में ज्वाइनिंग की है.

वर्ष 2018-19 में डेब्यू मैच सर्विसिज की टीम से रणजी ट्राफी विजय हजारे के लिए खेला.

वर्ष 2018-19 में टी 20 सैयद मुश्ताक अली ट्राफी में भी सर्विसिज की टीम से डेव्यू मैच खेला. वर्ष 2019-20 में अर्जुन ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट मैच खेल में खेलते हुए डेब्यू मैच सर्विसिज़ के लिए खेला.

वर्ष 2021 में सर्विसिज की टीम से विजय हजारे ट्राफी में बंगाल की टीम के खिलाफ मैच खेला जिसमें आलराउंडर परफार्मेंस को कमेंटेटर ने भी सराहा.

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