करगिल विजय दिवस- देश सेवा में वीर सपूतों ने हंसते-हंसते प्राण त्याग दिए

धर्मशाला के शहीद स्मारक में करगिल विजय दिवस मनाया गया. इस खास मौके पर हिमाचल के उन वीर सपूतों को याद किया गया जिन्होंने देश सेवा में हंसते-हंसते प्राण त्याग दिए.

Bichitar Sharma | News18 Himachal Pradesh
Updated: July 26, 2019, 10:33 PM IST
Bichitar Sharma | News18 Himachal Pradesh
Updated: July 26, 2019, 10:33 PM IST
धर्मशाला के शहीद स्मारक में करगिल विजय दिवस मनाया गया. विजय दिवस को और भी खास बनाने के लिए अति विशिष्ट और परम विशिशष्ट सेवा मेडल से नवाजे गए रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल पीके रामपाल ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की. इस खास मौके पर हिमाचल के उन वीर सपूतों को याद किया गया जिन्होंने देश सेवा में हंसते-हंसते प्राण त्याग दिए. उन वीर सपूतों में अकेले कांगड़ा जिले के 18 जवान शामिल हैं. करगिल हिल को फतह करने वाले कैप्टन बिक्रम बत्रा और कैप्टन सौरभ कालिया जैसे वीर जवानों की बलिवेदी पर सेना के जवान, पूर्व सैनिक और प्रशासन के अधिकारी इकट्ठा हुए. सभी ने शहीदों को श्रद्धाजंलि अर्पित करते हुए उन्हें याद किया. इस दौरान एनसीसी कैडिट्स ने अपनी अहम भूमिका निभाई.

5 एकड़ में है शहीद स्मारक

यहां युद्ध संग्रहालय भी तैयार किया गया है.


काबिले गौर है कि धर्मशाला में करीब 5 एकड़ में शहीद स्मारक बनाया गया है. साथ ही यहां युद्ध संग्रहालय भी तैयार किया गया है. संग्राहलय में प्रदेश के उन तमाम वीर सपूतों की यादों को संजो कर रखा गया है जिन्होंने आजादी से पहले और अब तक देश की खातिर अपना बलिदान दिया है. जो शहीद स्मारक धर्मशाला में तैयार किया गया है वो वाकई शहीदों की यादों को तरोताजा करने और लोगों को उनके बलिदान की गाथा सुनाने के लिए एक अच्छा प्रयास है.

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First published: July 26, 2019, 10:15 PM IST
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