यहां चार टीजीटी शिक्षकों की डिग्री निकली फर्जी, नौकरी पर लटकी तलवार!

कुल्लू जिला में प्रारंभिक शिक्षा विभाग में तैनात चार टीजीटी अध्यापकों ने फर्जी डिग्री के द्वारा सरकारी नौकरी पाई है.

Tulsi Bharti | News18 Himachal Pradesh
Updated: May 18, 2018, 2:10 PM IST
यहां चार टीजीटी शिक्षकों की डिग्री निकली फर्जी, नौकरी पर लटकी तलवार!
उप निदेशक शिक्षा विभाग कार्यालय, कुल्लू
Tulsi Bharti | News18 Himachal Pradesh
Updated: May 18, 2018, 2:10 PM IST
कुल्लू जिला में प्रारंभिक शिक्षा विभाग में तैनात चार टीजीटी अध्यापकों ने फर्जी डिग्री के द्वारा सरकारी नौकरी पाई है जिसकी जांच के लिए शिक्षा विभाग ने विजिलेंस विभाग के पास शिकायत सौंपी थी. शिक्षा विभाग ने विजिलेंस विभाग पर आरोप लगाया है कि विजिलेंस विभाग ने पिछले सात वर्षों के बाद भी कोई छानबीन नहीं की और सात वर्षो में इस मामले पर विजिलेंस ने कोर्ट चालान तक पेश नहीं किया.

प्रारंभिक शिक्षा विभाग कुलवंत सिंह पठानियां ने कहा कि विभाग में चार टीजीटी अध्यापकों के खिलाफ फर्जी डिग्री के आधार नौकरी पाई है. विभाग की छानबीन में पाया गया है कि चारों टीजीटी अध्यापकों ने मगध यूनिवर्सिटी से बीएड की फर्जी डिग्री प्राप्त की है.

उन्होंने कहा कि विभागीय जांच में इसके डॉक्यूमेंट में फर्जी डिग्री पाई गई है जिसकी जांच के लिए विजिलेंस विभाग को शिकायत सौंपी थी. उन्होंने कहा कि बड़े दु:ख से कहना पड़ रहा है कि विजिलेंस विभाग ने सात वर्षों के बाद भी इस मामले में कोई छानबीन नहीं की है और सात वर्ष बीत जाने के बाद भी कोर्ट में कोई चालान पेश नहीं किया गया है.

उन्होंने कहा कि विभागीय तौर पर अंडर रूल्स 14 के तहत जांच चल रही है और जांच पूरी होने के बाद इन पर कानूनी तौर पर कार्रवाई की जाएगी. इन चारों आरोपी शिक्षकों से रिकवरी भी की जाएगी. उन्होंने कहा कि फर्जी डॉक्यूमेंट के लिए विभाग ने पहले भी एक शिक्षिका पर कार्रवाई की है और 45 लाख रुपये की पैनल्टी लगाई हुई है.
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर