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ब्यास नदी में गाबर कंपनी के लिए अवैध खनन जारी, भूमि कटाव से ग्रामीण प्रभावित

ब्यास नदी में गाबर कंपनी के लिए अवैध खनन जारी, भूमि कटाव से ग्रामीण प्रभावित

कुल्लू - अवैध खनन के कारण भूमि कटाव से ग्रामीणों को हो रहा भारी नुकसान.

कुल्लू - अवैध खनन के कारण भूमि कटाव से ग्रामीणों को हो रहा भारी नुकसान.

कुल्लू जिला मुख्यालय से 15 किलोमीटर दूर रायसन के पास ब्यास नदी (Beas River) के किनारे गाबर कंपनी के क्रशर के लिए अवैध खनन (Illegal Mining) किया जा रहा है.

कुल्लू. जिला मुख्यालय से 15 किलोमीटर दूर रायसन के पास ब्यास नदी (Beas River) के किनारे गाबर कंपनी के क्रशर के लिए अवैध खनन (Illegal Mining) किया जा रहा है. अवैध खनन कर लाखों टन रेत बजरी पत्थर इकट्ठा किया जा रहा है. हैरत की बात है कि यह सब कुल्लू (Kullu) जिला प्रशासन की नाक के नीचे चल रहा है. इसके खिलाफ प्रशासन किसी भी तरह की कोई ठोस कार्रवाई करता नजर नहीं आ रहा है. रायसन के पास पिछले 4 वर्षों से बड़े स्तर पर अवैध खनन कर सड़क निर्माण के लिए सामग्री तैयार की जा रही है. इस अवैध खनन के खिलाफ ग्रामीणों ने कई बार प्रशासन से इसकी शिकायत की मगर कोई कार्रवाई नहीं हुई.

NGT के निर्देशों की अवहेलना

ब्यास नदी में हो रह अवैध खनन के कारण बरसात के दिनों में भूमि कटाव (Land Erosion) से ग्रामीणों को काफी नुकसान हो रहा है. एनजीटी (NGT) ने पर्यावरण (Environment) को ध्यान में रखते हुए ब्यास नदी के किनारे किसी भी तरह के अवैध खनन पर रोक लगा दी है, जिला प्रशासन अवैध खनन के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रहा है.

स्थानीय जनता ने अवैध खनन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई नहीं होने पर दी धरना प्रदर्शन की चेतावनी


इसके चलते लोगों ने जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करते हुए कहा है कि अवैध खनन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई नहीं की गई तो क्षेत्र की जनता इसके खिलाफ सड़कों पर धरना प्रदर्शन करेगी.

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Tags: Himachal pradesh news, Illegal Mining Racket, Kullu

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