लाइव टीवी

कुल्लू: सड़क का अभाव, कंधों पर गर्भवती को मुख्य मार्ग तक पहुंचाया, फिर ले गए अस्पताल

Tulsi Bharti | News18 Himachal Pradesh
Updated: January 21, 2020, 5:34 PM IST
कुल्लू: सड़क का अभाव, कंधों पर गर्भवती को मुख्य मार्ग तक पहुंचाया, फिर ले गए अस्पताल
कुल्लू के दुर्गम इलाके में सड़क का अभाव.

पंचायत प्रधान अनुज सूद ने बताया कि सरकार-प्रशासन को पंचायत की तरफ से कई प्रस्ताव भेज गए हैं. पंचायत के 5 वार्डों को सड़क सुविधा से जोड़ने के लिए मांग की है.

  • Share this:
कुल्ल. हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) सरकार हर रोज किसी ना किसी मंच पर ‘शिखर पर हिमाचल’ की बात करती है, लेकिन जमीनी हकीकत अलग है. सूबे की लाइलाइन के हाल-बेहाल हैं. कई गांव अब भी सड़क सुविधा (Road Facility) से दूर हैं और मरीजों और आपात हालात में कंधे ही लोगों के लिए सहारा हैं. ताजा मामला हिमाचल (Himachal) के कुल्लू (Kullu) जिले का है. यहां एक गर्भवती महिला (Pregnant Women) को सड़क के अभाव में कंधों पर उठाकर अस्पताल पहुंचाना पड़ा.

बाद में एंबुलेस से ले गए अस्पताल
जानकारी के अनुसार, कुल्लू के दुर्गम क्षेत्र के नोहंडा पंचायत के आधा दर्जन से अधिक ग्रामीणों ने नाही गांव की गर्भवती महिला लोसरी देवी को गांव से लेकर 3 किलोमीटर उबड़-खाबड़ रास्तों में कंधों पर उठाकर कड़ी मशक्कत के साथ सड़क तक पहुंचाया. इसके बाद गर्भवती महिला को 108 एंबुलेंस में बंजार के क्षेत्रीय अस्पताल के लिए ले जाया गया. प्रसव पीड़ा के बीच गर्भवती महिला लोसरी देवी को कंधों पर उठाकर सड़क तक पहुंचाने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी.

कई साल से यही हाल

पिछले कई साल से सड़क के अभाव में इस इलाके से लोगों को इसी तरह गर्भवती और बीमार व्यक्तियों को कंधों पर उठाकर सड़क तक पहुंचाना पड़ता है. स्थानीय ग्रामीण के लोभु राम, लाल सिंह, वार्ड-पंच शालिनी देवी, दुनी चन्द, दलीप, मोहर सिंह, नरेश कुमार, पिन्टू राम, डाबे राम, कर्म सिंह, किशोरी लाल, खेम चन्द, दिवान चन्द, राजेश कैथ, सुरेश, तारा चन्द और नवल किशोर ने बताया कि दशकों से पंचायत के लोग सरकार व प्रशासन से सड़क सुविधा की मांग करते आ रहे हैं, लेकिन सरकार और प्रशासन के कान पर जूं तक नही रेंगती.

कुल्लू में गर्भवती को कंधों पर उठाकर ले जाते हुए.
कुल्लू में गर्भवती को कंधों पर उठाकर ले जाते हुए.


‘राशन भी पीठ पर उठाकर ले जाते हैं’ग्रामीणों को राशन सामग्री और अन्य उत्पाद पीठ पर एक स्थान से दूसरे स्थान पर पहुंचाने पड़ते हैं. पंचायत प्रधान अनुज सूद ने बताया कि सरकार-प्रशासन को पंचायत की तरफ से कई प्रस्ताव भेज गए हैं. पंचायत के 5 वार्डों को सड़क सुविधा से जोड़ने के लिए मांग की है. ग्रामीणों को पीठ पर बोझा उठाकर राशन सामग्री और उत्पाद सड़क तक पहुँचाना पड़ता है.

ये भी पढ़ें: 20 साल में स्वतंत्रता सेनानी के घर तक 120 मीटर सड़क नहीं बना पाई हिमाचल सरकार

PHOTOS: मनाली में मौसम ने ली करवट, ताजा बर्फबारी, माइनस में पारा

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए कुल्‍लू से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: January 21, 2020, 5:34 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर