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अनुबंध कर्मचारियों ने काले बिल्ले लगाकर जताया विरोध

अनुबंध कर्मचारियों ने काले बिल्ले लगाकर जताया विरोध

राज्य सरकार ने हाल ही में पेश किए गए बजट में पांच साल का कार्यकाल पूरा करने वाले अनुबंध कर्मचारियों को नियमित करने का ऐलान कर दिया है, लेकिन इसमें कुछ कर्मचारी ऐसे हैं जिन्हें शामिल नहीं किया गया है। इनमें वो 700 कर्मचारी भी शामिल हैं जो स्वास्थ्य विभाग में बीते 10-15 वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

राज्य सरकार ने हाल ही में पेश किए गए बजट में पांच साल का कार्यकाल पूरा करने वाले अनुबंध कर्मचारियों को नियमित करने का ऐलान कर दिया है, लेकिन इसमें कुछ कर्मचारी ऐसे हैं जिन्हें शामिल नहीं किया गया है। इनमें वो 700 कर्मचारी भी शामिल हैं जो स्वास्थ्य विभाग में बीते 10-15 वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

राज्य सरकार ने हाल ही में पेश किए गए बजट में पांच साल का कार्यकाल पूरा करने वाले अनुबंध कर्मचारियों को नियमित करने का ऐलान कर दिया है, लेकिन इसमें कुछ कर्मचारी ऐसे हैं जिन्हें शामिल नहीं किया गया है। इनमें वो 700 कर्मचारी भी शामिल हैं जो स्वास्थ्य विभाग में बीते 10-15 वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

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राज्य सरकार ने हाल ही में पेश किए गए बजट में पांच साल का कार्यकाल पूरा करने वाले अनुबंध कर्मचारियों को नियमित करने का ऐलान कर दिया है, लेकिन इसमें कुछ कर्मचारी ऐसे हैं जिन्हें शामिल नहीं किया गया है। इनमें वो 700 कर्मचारी भी शामिल हैं जो स्वास्थ्य विभाग में बीते 10-15 वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

यह कर्मचारी स्वास्थ्य विभाग में विभिन्न तकनीकी पदों पर कार्यरत हैं। लेकिन सरकार इनके नियमितिकरण को लेकर अभी तक कोई ठोस नीति नहीं बना पाई है जिससे इनमें सरकार के प्रति भारी रोष है। इसी बात से खफा कर्मचारियों ने मंगलवार को काले बिल्ले लगाकर काम करके अपना विरोध जाहीर किया।

सरकार की बेरूखी का आलम यह है कि इन कर्मचारियों को बढ़ा हुआ वेतन भी नहीं दिया जा रहा है। इससे खफा होकर इन्होंने जल्द ही हडताल करने का मन भी बना लिया है। इन्होंने सरकार से मांग उठाई है कि विभाग में जो खाली पद भरने की बात कही जा रही है उसमें इन्हें समायोजित किया जाए और स्थाई नियुक्ति दी जाए।

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