हिमाचल में छात्र संघ चुनाव पर प्रतिबंध जारी, मेरिट पर चुनी जाएगी SCA

News18 Himachal Pradesh
Updated: September 3, 2019, 6:46 PM IST
हिमाचल में छात्र संघ चुनाव पर प्रतिबंध जारी, मेरिट पर चुनी जाएगी SCA
हिमाचल में छात्र संघ चुनाव. (सांकेतिक तस्वीर)

यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में बढ़ती हिंसा को देखते हुए साल 2014 में छात्र संघ के चुनाव पर हिमाचल में बैन लगाया गया था, जो अब भी जारी है. एचपीयू के तत्कालीन कुलपति प्रो. एडीएन वाजपेयी के कार्यकाल में प्रत्यक्ष छात्र संघ चुनाव पर प्रतिबंध लगा था.

  • Share this:
हिमाचल प्रदेश यूनिवर्सिटी (Himachal Pradesh University) में इस बार भी छात्र संघ चुनाव नहीं होंगे. यूनिवर्सिटी प्रशासन ने छात्र संघ चुनाव पर लगे प्रतिबंध को जारी रखने का फैसला लिया है. एचपीयू (HPU) प्रशासन ने यूनिवर्सिटी और उसके कॉलेजों में छात्र संघ का गठन मेरिट आधार पर कराने की अधिसूचना जारी की है.

सूबे के यूनविर्सिटी से मान्यता प्राप्त सरकारी कॉलेजों में सत्र 2019-20 के लिए एससीए (SCA) मनोनयन का शेड्यूल रिलीज किया गया है. इसके तहत तीन से 12 सितंबर तक एससीए का गठन करना होगा. इसके बाद एससीए के पदाधिकारियों का ब्योरा यूनिवर्सिटी को भेजना होगा.

हिमाचल में छात्र संघ का गठन मेरिट आधार पर कराने की अधिसूचना जारी की गई है.
हिमाचल में छात्र संघ का गठन मेरिट आधार पर कराने की अधिसूचना जारी की गई है.


2014 में लगा था प्रत्यक्ष चुनाव पर बैन

यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में बढ़ती हिंसा को देखते हुए साल 2014 में छात्र संघ के चुनाव पर हिमाचल में बैन लगाया गया था, जो अब भी जारी है. एचपीयू के तत्कालीन कुलपति प्रो. एडीएन वाजपेयी के कार्यकाल में प्रत्यक्ष छात्र संघ चुनाव पर प्रतिबंध लगा था. इसके बाद मनोनयन के जरिये छात्र संघ के चुनाव का खाका खींचा गया और संविधान तैयार किया था.

1996 से 2000 तक नहीं हुए थे चुनाव
जानकारी के अनुसार, साल 1996 से 2000 तक भी यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में हिंसा के चलते छात्र संघ चुनाव पर प्रतिबंध लगाया गया था. चार साल तक एससीए नहीं बनी. छात्र संगठनों के आंदोलन के बाद चुनाव 2000 में बहाल किए गए थे, जो साल 2014 तक होते रहे.
Loading...

इस वजह से लगी थी रोक
साल 2014 से हिमाचल प्रदेश यूनिवर्सिटी सहित 135 कॉलेज में एससीए चुनाव नहीं हो रहे हैं. बढ़ती हिंसा के चलते वर्ष 2014 में कांग्रेस कार्यकाल में प्रदेश भर के कॉलेजों और एचपीयू में चुनाव पर रोक लगाई गई थी. लेकिन भाजपा ने अपने घोषणा पत्र में भी एससीए चुनाव को बहाल करने की बात कही थी. हाल ही में 50वें स्थापना दिवस पर सीएम ने कहा था कि छात्रों की मांगें पूरी करने के लिए जरूरी नहीं की चुनाव हों. स्टूडेंट की डिमांड प्रशासन और सरकार अन्य कई तरह से पूरा कर रही है.

ये भी पढ़ें: शिमला सुसाइड केस: ‘पत्नी के अवैध संबंध,अच्छा है मैं मर जाऊं’

हिमाचल के कर्ज में डूबने के पीछे कांग्रेस जिम्मेदार: अनुराग

APG यूनिवर्सिटी केस: पीटे भी हिमाचली छात्र, केस भी उन्हीं पर

धर्मशाला T20: सस्ती टिकटें बिकीं, अब काउंटर लगाने की तैयारी

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए शिमला से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: September 3, 2019, 9:57 AM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...