कुल्लू नगर निगम की लापरवाही का खामियाजा भुगत रहा है शिमला शहर

अमृत मिशन की फंडिग से शहर में सैंकड़ों काम चल रहे हैं, लेकिन इस कार्यों के लिए मिलने वाली ग्रांड को केंद्र की ओर से रोके जाने की वजह से अन्य विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं. हालांकि निगम ने काम प्रभावित न हो इसके लिए निगम हैड से 7 करोड़ रुपये का फंड अमृत मिशन के कार्यों के लिए डाइवर्ट किया है.

Gulwant Thakur | News18 Himachal Pradesh
Updated: November 9, 2018, 5:50 PM IST
कुल्लू नगर निगम की लापरवाही का खामियाजा भुगत रहा है शिमला शहर
शिमला नगर निगम
Gulwant Thakur | News18 Himachal Pradesh
Updated: November 9, 2018, 5:50 PM IST
कुल्लू म्यनिसिपल कमेटी की लापरवाही का खामियाजा शिमला शहर को भी भुगतना पड़ रहा है. अमृत मिशन के तहत किए गए कार्यों के समय पर यूटिलाइजेशन सर्टिफिकेट समय पर न भेजे जाने की वजह से केंद्र से इस मिशन के तहज जारी होने वाली ग्रांट रुक गई है. इसकी वजह से शहर में अमृत मिशन के तहत प्रोजेक्ट्स में लंबे समय तक ब्रेक लग सकती है.

अमृत मिशन की फंडिग से शहर में सैंकड़ों काम चल रहे हैं, लेकिन इस कार्यों के लिए मिलने वाली ग्रांड को केंद्र की ओर से रोके जाने की वजह से अन्य विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं. हालांकि निगम ने काम प्रभावित न हो इसके लिए निगम हैड से 7 करोड़ रुपये का फंड अमृत मिशन के कार्यों के लिए डाइवर्ट किया है. निगम इस राशि को अमृत का पैसा जारी होने के साथ ही वापस वसूलेगा.

आपको बता दें कि फंड न होने की वजह से दर्जनों काम कर चुके ठेकेदार भविष्य में काम करने के पीछे हट रहे हैं, जिसके चलते निगम को अमृत मिशन के लिए फंड जारी करना पड़ा. नगर निगम मेयर कुसुम सदरेट ने बताया कि कुल्लू म्यूनिसिपल कमेटी की ओर से यूटिलाइजेशन सर्टिफिकेट जारी न होने के मामले में अब नगर निगम आयुक्त पंकज राय कमेटी के अधिकारियों से चर्चा करेंगे. उन्होंने कहा कि कमेटी के अधिकारियों को यूसी जल्द देने के लिए कहा गया है.

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