Home /News /himachal-pradesh /

Padma Shree Awards-2022: कौन हैं चंबा रुमाल को पहचान दिलाने वाली महिला ललिता वकील, जिन्हें मिलेगा पद्मश्री अवॉर्ड

Padma Shree Awards-2022: कौन हैं चंबा रुमाल को पहचान दिलाने वाली महिला ललिता वकील, जिन्हें मिलेगा पद्मश्री अवॉर्ड

ललिता ने बचपन से ही चंबा रुमाल के संरक्षण और संवर्धन के लिए काम करना शुरू किया था.

ललिता ने बचपन से ही चंबा रुमाल के संरक्षण और संवर्धन के लिए काम करना शुरू किया था.

Chamba Rumal: चंबा रुमाल को नई बुलंदियों पर पहुंचाने वाली ललिता वकील को 2018 में नारी शक्ति पुरस्कार से नवाजा जा चुका है. यह पुरस्कार राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने प्रदान किया था. इससे पहले ललिता को 1993 में तत्कालीन राष्ट्रपति शंकर दयाल शर्मा और 2012 में राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी शिल्प गुरु सम्मान दे चुके हैं

अधिक पढ़ें ...

    चंबा. हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले के रूमाल को देश और दुनिया में पहचान दिलाने के लिए ललिता वकील को केंद्र सरकार ने पद्मश्री सम्मान से नवाजा है. हिमाचल से दो शख्सियतों को पद्मश्री अवॉर्ड मिला है.  इनमें 14 अप्रैल 1954 को चंबा के सपड़ी मोहल्ला में जन्मी ललिता वकील भी शामिल हैं. उन्होंने चंबा रुमाल को देश-विदेश में नई पहचान दिलाई है.

    ललिता ने बचपन से ही चंबा रुमाल के संरक्षण और संवर्धन के लिए काम करना शुरू किया था. ललिता वकील को तीन बार राष्ट्रपति अवार्ड भी मिल चुका है. ललिता वकील घर पर बेकार बैठने वाली महिलाओं और लड़कियों को बुला-बुलाकर चंबा रुमाल बनाना सिखाती थी. उनकी प्रेरणा से आज कई महिलाएं और लड़कियां चंबा रुमाल बनाकर अपने घर की आजीविका चला रही हैं. ललिता वकील साधन संपन्न लोगों और अपने NRI जेठ-जठानी की वित्तीय मदद से गरीब बच्चों को पढ़ाने में भी मदद करती हैं.

    चंबा से पढ़ाई की फिर कढ़ाई सीखी

    ललिता ने 1970 में चंबा से उच्च शिक्षा प्राप्त की. 1978-80 में IIT चंबा से डिप्लोमा किया. साल 2006 में चंबा रुमाल की कढ़ाई की प्रदर्शनी के लिए जर्मनी गई और 2011 में कनाडा में कैनेडियन ट्यूलिप फेस्टिवल में भाग लिया. वह चंबा रुमाल के संरक्षण और संवर्धन के लिए 45 सालों से काम कर रही हैं. दरअसल, चंबा रुमाल अपनी अद्भुत कला और शानदार कशीदाकारी के कारण लोकप्रिय है. चंबा रुमाल की कारीगरी मलमल, सिल्क और कॉटन के कपड़ों पर की जाती है. इसके तहत श्री कृष्ण लीला को बहुत ही सुंदर ढंग से रुमाल के ऊपर दोनों तरफ कढ़ाई करके उकेरा जाता है। महाभारत युद्ध, गीत गोविंद से लेकर कई मनमोहक दृश्यों को इसमें बड़ी संजीदगी के साथ बनाया जाता है.

    कब-कब मिला राष्ट्रपति अवार्ड

    चंबा रुमाल को नई बुलंदियों पर पहुंचाने वाली ललिता वकील को 2018 में नारी शक्ति पुरस्कार से नवाजा जा चुका है. यह पुरस्कार राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने प्रदान किया था. इससे पहले ललिता को 1993 में तत्कालीन राष्ट्रपति शंकर दयाल शर्मा और 2012 में राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी शिल्प गुरु सम्मान दे चुके हैं. जानकारी के अनुसार, निर्धन परिवार में पैदा हुईं ललिता वकील की शादी एक डॉक्टर से हुई है. पेशे से डॉक्टर पति ने कभी भी ललिता को सोशल वर्क और चंबा रुमाल के लिए काम करने से नहीं रोका और उनका पूरा सहयोग किया है. मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने ललिता वकील और विद्यानंद सरैक को पद्मश्री मिलने पर बधाई दी है. उन्होंने कहा कि दो पद्मश्री अवार्ड मिलने से हिमाचल का नाम देशभर में रोशन हुआ है. ललिता वकील को आर्ट के क्षेत्र और विद्यानंद को लिटरेचर एंड एजुकेशन के क्षेत्र में पद्मश्री मिला है.

    Tags: Chamba news, Chambal news, CM Jairam Thakur, Himachal Government

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    राशिभविष्य

    मेष

    वृषभ

    मिथुन

    कर्क

    सिंह

    कन्या

    तुला

    वृश्चिक

    धनु

    मकर

    कुंभ

    मीन

    प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
    और भी पढ़ें
    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर