हिमाचल कैबिनेट मीटिंग: जल शक्ति विभाग में होगी 2322 वर्करों की भर्ती
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हिमाचल कैबिनेट मीटिंग: जल शक्ति विभाग में होगी 2322 वर्करों की भर्ती
शिमला में हिमाचल कैबिनेट की मीटिंग.

Himachal Cabinet Meeting: विभागीय पैरा कार्यकर्ता नीति के अन्तर्गत 718 पैरा पम्प ऑपरेटर, 162 पैरा फिटर्स और 1442 बहुउदेशीय कार्यकर्ता शामिल हैं, जो 486 पेयजल और 31 सिंचाई योजनाओं का संचालन करेंगे.

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शिमला. हिमाचल प्रदेश के जयराम मंत्रिमंडल (Jairam Cabinet) की बैठक आज पीटरहॉफ में सीएम जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में हुई, जिसमें मानसून सत्र (Monsoon Session) के अलावा मंदिर (Temple) खोलने को लेकर भी चर्चा की गई.हिमाचल प्रदेश मंत्रिमण्डल की आज यहां आयोजित बैठक में जल शक्ति विभाग में 2322 कार्यकर्ताओं की नियुक्ति करने का निर्णय लिया गया. इनमें विभागीय पैरा कार्यकर्ता नीति के अन्तर्गत 718 पैरा पम्प ऑपरेटर, 162 पैरा फिटर्स और 1442 बहुउदेशीय कार्यकर्ता शामिल हैं, जो 486 पेयजल और 31 सिंचाई योजनाओं का संचालन करेंगे.

दो मंत्री नहीं पहुंचे थे

मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में कैबिनेट मंत्री सुखराम चौधरी, गोविंद सिंह ठाकुर और राकेश पठानिया मौजूद नहीं रहे. सुखराम चौधरी कोरोना पॉजिटिव हैं, जबकि बाकी दोनों मंत्री होम क्वारंटीन हुए हैं. मंत्रिमण्डल ने बिलासपुर जिला के झण्डूता में लोक निर्माण विभाग का नया मण्डल खोलने और विभाग के घुमारवीं मण्डल के अन्तर्गत बरठीं, झण्डूता और कलोल को इसके नियंत्रण में लाने के अतिरिक्त आवश्यक पद सृजित करने का निर्णय लिया.



108 एंबुलेंस कर्मचारियों को राहत 
बैठक में राष्ट्रीय एम्बुलेंस सर्विस-108 के सुचारू संचालन के लिए विशेष अंतरिम उपाय के रूप में समझौता प्रावधानों के ऊपर प्रावधान करने और जीवीके-ईअमआरआई के कर्मचारियों को अंतरिम वेतन का भुगतान करने का निर्णय लिया गया. क्योंकि कंपनी काम छोड़ने जा रही थी जिसके चलते यह फैसला लिया गया. मंत्रिमण्डल ने हिमाचल प्रदेश वार अवार्ड्स एक्ट-1972 की धारा-3 में संशोधन का निर्णय लिया, ताकि युद्ध जागिरों का अनुदान पांच हजार रुपये से बढ़ाकर सात हजार रुपये प्रतिवर्ष किया जाए.

नई पंचायतों के गठन के फैसले को सीएम पर छोड़ा 

कैबिनेट ने नई पंचायतों के गठन, पुनर्गठन और पुनर्सीमांकन का फैसला लेने के लिए सीएम जयराम ठाकुर का प्राधिकृत किया गया है. इसके अलावा, नगर पंचायतों को नगर परिषद बनाने और नगर परिषदों को नगर निगम बनाने के लिए आए प्रस्तावों की डिटेल्ड रिपोर्ट विभाग से मांगी गई है. बैठक में कांगड़ा जिला के शाहपुर में नगर पंचायत के गठन को स्वीकृति प्रदान की गई. इसके लिए विभिन्न श्रेणियों के सात पद सृजित करने का निर्णय लिया. मंत्रिमण्डल ने मण्डी जिला की नगर पंचायत सरकाघाट को नगर परिषद के रूप में स्तरोन्नत करने का निर्णय लिया, ताकि शहर की बेहतर योजना तैयार की जा सके.

पुष्प उत्पादकों को 4 करोड़ की राहत

कोविड-19 महामारी और लॉकडाऊन के उपरान्त प्रदेश के पुष्प उत्पादकों को मार्च से मई, 2020 महीनों में फूलों के परिवहन की सुविधा न मिलने के कारण लगभग 15.77 करोड़ रुपये का नुकसान उठाना पड़ा है, इसलिए उन्हें लाभ प्रदान करने के लिए मंत्रिमण्डल ने प्रभावित पुष्प उत्पादकों को चार करोड़ रुपये की सहायता प्रदान करने के लिए दिशा-निर्देशों को अपनी स्वीकृति प्रदान की. बैठक में टोल नीति-2020-21 की शर्त संख्या 2.14 के खंड 3 के अन्तर्गत उन सभी व्यक्तियों को टोल पट्टों के आवंटन की निविदा एवं नीलामी प्रक्रिया में भाग लेने की अनुमति प्रदान की गई, जिन्होंने वर्ष 2019-20 में टोल पट्टे के लम्बित बकायों को चुका दिया है.

मंदिर खोलने पर फैसला 15 अगस्त के बाद

हिमाचल मंत्रिमंडल की बैठक में मानसून सत्र को लेकर भी चर्चा हुई. अमूमन यह सत्र अगस्त के दूसरे पखवाड़े में होता था लेकिन इस बार कोरोना के चलते अभी तक कोई फैसला नहीं हुआ है. संसदीय कार्यमंत्री सुरेश भारद्वाज ने कहा कि जब तक संसद के सत्र को लेकर कोई फैसला नहीं होता उसके बाद ही प्रदेश भी मानसून सत्र की तारीखों को तय करेगा. वहीं धार्मिक स्थल खोलने को लेकर भी 15 अगस्त के बाद निर्णय लिया जाएगा.
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