COVID-19: हिमाचल में सफाई कर्मियों को 6 हजार रुपये प्रोत्साहन राशि देगी सरकार

सफाई कर्मियों को हर महीने दो हजार रुपये मिलेंगे.

सभी सफाई कर्मचारियों को अप्रैल, मई तथा जून, 2021 के लिए प्रतिमाह 2000 रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी. मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर (CM Jairam Thakur) ने यह घोषणा यहां शिमला से शहरी स्थानीय निकायों के निर्वाचित प्रतिनिधियों को वर्चुअल माध्यम से सम्बोधित करते हुए की.

  • Share this:
    शिमला. शहरी क्षेत्रों में उचित साफ-सफाई (Cleaning) बनाए रखने में अपनी महत्वपूर्ण सेवाएं प्रदान करने वाले शहरी स्थानीय निकायों, नगर निगमों, नगर पालिकाओं, नगर परिषदों तथा नगर पंचायतों में कार्यरत सभी सफाई कर्मचारियों को अप्रैल, मई तथा जून, 2021 के लिए प्रतिमाह 2000 रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी. मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर (CM Jairam Thakur) ने यह घोषणा यहां शिमला से शहरी स्थानीय निकायों के निर्वाचित प्रतिनिधियों को वर्चुअल माध्यम से सम्बोधित करते हुए की. मुख्यमंत्री ने शहरी स्थानीय निकायों के प्रतिनिधियों से उनके संबंधित क्षेत्रों में कोविड-19 वायरस के कारण होम आइसोलेशन में रह रहे व्यक्तियों के परिवार के सदस्यों के साथ निरन्तर सम्पर्क बनाए रखने का आग्रह किया, ताकि उन्हें उचित चिकित्सा परामर्श तथा उपचार प्राप्त हो व उन्हें किसी परेशानी का सामना न करना पड़े.

    और क्या बोले सीएम जयराम
    सीएम ने कहा कि वे यह भी सुनिश्चित करें कि लोग स्वयं अपनी जांच करवाने के लिए आगे आएं, क्योंकि ऐसा पाया गया है कि अस्पतालों में जाने में देरी के कारण स्थिति बिगड़ती है तथा मृत्यु की संख्या में बढ़ौतरी हो रही है. उन्होंने कहा कि लोगों को टीकाकरण के लिए आगे आने के लिए भी प्रेरित किया जाना चाहिए. उन्होंने शहरी स्थानीय निकायों के प्रतिनिधियों से इस महामारी को फैलने से रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग के साथ बेहतर समन्वय बनाने का भी आग्रह किया. जय राम ठाकुर ने कहा कि शहरी स्थानीय निकायों के निर्वाचित प्रतिनिधि न केवल अपने संबंधित क्षेत्रों के लोगों को समय-समय पर प्रदेश सरकार द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों तथा मानक संचालन प्रक्रियाओं का सख्ती से पालन करने के प्रेरित करें, बल्कि यह भी सुनिश्चित करें कि कोविड-19 के मरीजों की मृत्यु होने पर प्रोटोकॉल के अनुसार, मृतक व्यक्ति का अन्तिम संस्कार सुनिश्चित किया जाए. उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार निकटतम स्वास्थ्य संस्थानों को पीपीई किट प्रदान करने पर भी विचार कर रही है ताकि वे लोगों को पीपीई किट प्रदान कर सकें और प्रोटोकॉल के अनुसार अंतिम संस्कार किया जा सके.

    स्थानीय निकायों के प्रतिनिधियों से आग्रह
    मुख्यमंत्री ने शहरी स्थानीय निकायों के प्रतिनिधियों से आग्रह किया कि इस संकट के समय में जरूरतमंद लोगों की सहायता के लिए आगे आएं. उन्होंने कहा कि प्रवासी मजदूरों को कोई परेशानी न आए, इसके लिए भी कदम उठाए जाने चाहिए तथा उन्हें प्रदेश में रहने के लिए प्रेरित किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि प्रतिनिधियों को देश के अन्य भागों से उनके संबंधित क्षेत्रों में आने वाले लोगों पर भी निगरानी रखनी चाहिए. उन्होंने कहा कि यदि ऐसे व्यक्तियों में कोई लक्षण हैं तो उन्हें आरटी-पीसीआर जांच करवाने और कम से कम 10 दिनों के लिए होम क्वारंटीन में रहने के लिए प्रेरित किया जाना चाहिए. निर्वाचित प्रतिनिधियों को गरीबों तथा जरूरतमंद लोगों को फेस मास्क, हैंड सेनिटाइजर तथा फूड किट वितरित करने के लिए आगे आना चाहिए.