ऊना में नई कोरोना गाइडलाइन जारी, मास्क न लगाने पर लगेगा 5000 रुपये का जुर्माना

ऊना के डीसी राघव शर्मा ने कहा कि इन उपायों के बाद भी कोरोना संक्रमण की रफ्तार नहीं रुकी, तो सख्ती और बढ़ा दी जाएगी.

ऊना के डीसी राघव शर्मा ने कहा कि इन उपायों के बाद भी कोरोना संक्रमण की रफ्तार नहीं रुकी, तो सख्ती और बढ़ा दी जाएगी.

ऊना में जिला प्रशासन ने फिर बढ़ाई सख्ती. अब राजनितिक से लेकर सामाजिक कार्यक्रम की लेनी होगी अनुमति, मास्क न लगाने पर लगेगा 5000 का जुर्माना. 

  • News18Hindi
  • Last Updated: March 19, 2021, 6:19 PM IST
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ऊना. ऊना जिले (Una district) में कोविड-19 (Covid-19) के बढ़ते संक्रमण (transition) के कारण जिला प्रशासन (district administration) ने एक बार फिर सख्ती का दायरा बढ़ा दिया है. महज 3 दिन के भीतर कोविड-19 संक्रमण के करीब 225 मामले सामने आने के बाद जिला प्रशासन ने आज नई कोरोना गाइडलाइन (New Corona Guideline) जारी कर दी है. नए आदेश के मुताबिक, अब मास्क न पहनने पर 5000 रुपये जुर्माना लगाए जाने की व्यवस्था तुरंत प्रभाव से लागू कर दी गई है. इसके साथ ही हर प्रकार के धार्मिक, राजनीतिक और सामाजिक आयोजनों के साथ साथ सामूहिक भोज और भंडारों के लिए भी अब फिर लोगों को प्रशासन से अनुमति लेनी होगी.

बॉर्डर पर फिलहाल सख्ती नहीं

ऊना के डीसी राघव शर्मा ने कहा कि आयोजन के दौरान भी प्रशासन की टीम निरीक्षण करने के लिए मौके पर पहुंचेगी. उन्होंने साफ कहा कि यदि इसके बावजूद जिला के हालात नहीं सुधरते हैं तो यहां पर सख्ती और बढ़ा दी जाएगी. डीसी ऊना ने फिलहाल बॉर्डर पर किसी प्रकार की सख्ती से इनकार किया है.

दुकानदारों को भी मास्क पहनना अनिवार्य
इतना ही नहीं यदि अब भी संक्रमण का चक्र थमने का नाम नहीं लेता है तो जिला में पाबंदियों को और भी बढ़ाए जाने का विकल्प प्रशासन के पास मौजूद है. डीसी ऊना राघव शर्मा ने बताया कि जिला में कोरोना वायरस संक्रमण के बढ़ते कदमों को रोकने के लिए नया आदेश जारी किया गया है. जिसके तहत अगर कोई दुकानदार मास्क के बिना पाया जाता है तो मास्क न लगाने के लिए जुर्माने के साथ-साथ उसकी दुकान बंद करवा दी जाएगी. अगर रेहड़ी वाला यह उल्लंघन करता है तो जुर्माना करने के साथ उसकी रेहड़ी जब्त कर ली जाएगी.

बंद स्थानों पर लंगर, भंडारे या सामूहिक भोज पर पूर्ण प्रतिबंध

डीसी ने बताया कि जिला में 31 मार्च तक बंद स्थानों पर लंगर-भंडारे या सामूहिक भोज पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध रहेगा. वहीं खुले में आयोजन के लिए संबंधित एसडीएम से अनुमति लेना जरूरी है. इसके साथ ही सभी प्रकार के सामाजिक, राजनैतिक, सांस्कृतिक, धार्मिक, प्रवचन, कीर्तन, भागवत कथा, खेल-कूद सम्बन्धी आयोजनों और इवेंटस का आयोजन भी एसडीएम की अनुमति से ही किया जा सकेगा. उन्होंने बताया कि प्रत्येक अनुमति के सम्बन्ध में एसडीएम द्वारा अनुपालना अधिकारी या कर्मचारी नियुक्त किया जाएगा, जो आयोजन के दिन निरिक्षण कर अनुमति की शर्तों की अनुपालना सुनिश्चित करेगा. डीसी ऊना ने कहा कि बाबा बड़भाग सिंह के होला मोहल्ला मेले में आने वाले श्रद्धालुओं की कोविड-19 नेगेटिव रिपोर्ट जांचने के लिए अवश्य एनफोर्समेंट की जाएगी.

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