Home /News /jharkhand /

Omicron को लेकर झारखंड सरकार अलर्ट, RIMS में ऑक्‍सीजन सपोर्ट वाले 100 बेड तैयार

Omicron को लेकर झारखंड सरकार अलर्ट, RIMS में ऑक्‍सीजन सपोर्ट वाले 100 बेड तैयार

झारखंड के सबसे बड़े अस्पताल रिम्स में भी कोरोना को लेकर खास व्यवस्था की जा रही है.

झारखंड के सबसे बड़े अस्पताल रिम्स में भी कोरोना को लेकर खास व्यवस्था की जा रही है.

Omicron Variant: ओमीक्रॉन के फैलाव को देखते हुए झारखंड सरकार चौकस हो गई है. रिम्‍स में 100 ऑक्‍सीजन सपोर्टेड बेड तैयार किए गए हैं, ताकि आपात परिस्थितियों से निपटा जा सके. इसके साथ ही जीन सीक्‍वेंसिंग मशीन खरीदने की भी तैयारी है.

अधिक पढ़ें ...

रांची. कोरोना (Coronavirus) के नए वैरिएंट ओमीक्रॉन (Omicron) के फैलाव के बाद केंद्र सरकार इस मामले पर गंभीर है और एहतियातन तमाम उपाय कर रही है. वहीं, झारखंड (Jharkhand) की बात की जाए तो यहां भी राज्य सरकार पहले और दूसरे लहर की त्रासदी को देखते हुए इस बार अपनी तैयारियां पुख्ता करने में जुटी है. रिम्स में अस्थाई वार्ड बनाया गया है. इस वार्ड में 100 ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड भी लगाए गए हैं, जिससे आपात स्थिति में इसका इस्तेमाल किया जा सके. क्‍वारंटीन सेंटर (Quarantine Center) को एक्टिव करने पर भी मंथन किया जा रहा है.

देश में कोरोना की तीसरी लहर के आने की संभावना जताई जा रही है. ऐसे में कोविड से बचाव के लिए तैयारियां जोरों पर है. वहीं झारखंड के सबसे बड़े अस्पताल रिम्स में भी कोरोना को लेकर खास व्यवस्था की जा रही है. ऑक्सीजन प्लांट के साथ-साथ कोरोना संक्रमितों के लिए व्यवस्थाएं पुख्ता की जा रही है. इसे लेकर तैयारियां जोरों पर ऑक्‍सीजन प्लांट के साथ-साथ कोरोना संक्रमितों के लिए फिर से व्यवस्थाएं पुख्ता की जा रही है. रिम्स के पीआरओ डॉक्टर डीके सिन्हा ने बताया कि कोविड को लेकर रिम्स में तैयारियां जोरों पर है. रिम्स के ट्रामा सेंटर के साथ अस्थाई कोविड अस्पताल में भी ऑक्सीजन युक्त 100 बेड लगाए गए हैं.

Conversion in Jharkhand: रांची में चल रहा धर्म परिवर्तन का खेल, सरना धर्म के कई लोग बने ईसाई

 पहली और दूसरी लहर की त्रासदी के बाद रिम्स ने कई  एहतियातन कदम उठाए हैं. लेकिन अन्य मामलों में राज्य की स्थिति एक बार फिर भगवान भरेसे नजर आ रही है, जिसकी वजह है और स्वास्थ्य महकमे की सुस्त चाल. दरअसल, झारखंड  में कोरोना संक्रमण के नए वैरिएंट की टेस्टिंग की कोई सुविधा नहीं है. रिम्स के पीआरओ ने बताया कि जिनोम सिक्वेंसिंग मशीन फिलहाल नहीं है, जिससे टेस्ट के लिए सैंपल को भुवनेश्वर या कोलकाता भेजना पड़ता है. हालांकि, शासी परिषद की बैठक में मशीन की खरीद को लेकर सहमति बनी है और जल्द ही ये मशीन रिम्स में होगी. इसके साथ ही प्रशासन द्वारा स्वास्थ्यकर्मियों को प्रशिक्षण देकर तैयार करने का निर्देश दिया गया है. वहीं जो भी जरूरी लॉजिस्टिक्स है उन्हें पूरा करने का निर्देश भी दिया जा रहा है.

ओमीक्रॉन के खतरे को देखते हुए प्रदेश में वैक्सीनेशन की रफ्तार काफी धीमी है. ऐसे में अगर तीसरी लहर आती है तो स्थिति काफी भयावह हो सकती है. वहीं झारखंड में लोग भी सामाजिक दूरी, मास्क और सैनिटाइजेशन जैसी जरूरी गाइड लाइन का पालन नहीं कर रहे हैं.

Tags: Coronavirus, Jharkhand news, Omicron

विज्ञापन

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें
विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर